Michelin Guide: भारत के रेस्टोरेंट्स को मिलेगी ग्लोबल पहचान, सरकार कर रही है बड़ी तैयारी

TOURISM
Whalesbook Logo
AuthorNeha Patil|Published at:
Michelin Guide: भारत के रेस्टोरेंट्स को मिलेगी ग्लोबल पहचान, सरकार कर रही है बड़ी तैयारी

भारत सरकार साल **2026** के अंत तक दुनिया के मशहूर Michelin Guide रेस्टोरेंट रेटिंग सिस्टम को देश में लाने के लिए एक बड़ी डील फाइनल कर रही है। इसका मुख्य मकसद भारत में 'कुलिनरी टूरिज्म' को बढ़ावा देना और यहां के फाइन डाइनिंग को ग्लोबल स्टैंडर्ड पर लाना है।

हॉस्पिटैलिटी सेक्टर के लिए बड़े मौके\n\nअब तक भारत में केवल होटल्स को ही 'Michelin Keys' दी गई हैं, जिसमें 47 प्रीमियम होटल्स शामिल हैं, जैसे 'ताज फलकनुमा पैलेस' और 'ताज लेक पैलेस'। लेकिन अब फोकस खाने और स्वाद पर होगा। आने वाली डील के तहत रेस्टोरेंट्स को 'Michelin Stars' दिए जाएंगे, जो खाने की क्वालिटी और कारीगरी पर आधारित होंगे।\n\n### ऑडिट और शहरों का चयन\n\nडील साइन होने के बाद 6 महीने का एक लंबा ऑडिट प्रोसेस शुरू होगा। एक्सपर्ट्स का मानना है कि पहले चरण में मुंबई, दिल्ली और बेंगलुरु जैसे बड़े मेट्रो शहरों पर ध्यान दिया जाएगा, ताकि भारतीय बाजार की जटिलता को आसानी से समझा जा सके।\n\n### चुनौतियां और जोखिम\n\nयह प्रोजेक्ट जितना शानदार दिख रहा है, उसके साथ कुछ वित्तीय चिंताएं भी हैं। Michelin के साथ होने वाली पार्टनरशिप के लिए टूरिज्म बोर्ड को करोड़ों डॉलर की फीस देनी पड़ सकती है, जिससे सरकारी खजाने पर दबाव बढ़ सकता है। साथ ही, सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित रहने से छोटे शहरों के बेहतरीन रेस्टोरेंट्स और पारंपरिक खान-पान के लुप्त होने का डर बना रहेगा। अब निवेशकों की नजर ऑडिट टाइमलाइन और सरकार की पर्यटन आय बढ़ाने की रणनीति पर है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.