हवाई टिकटों के दाम **20%** तक बढ़ चुके हैं, लेकिन Cleartrip पर फेस्टिव बुकिंग की रफ्तार कम नहीं हुई है। हालांकि, इंडस्ट्री में अगस्त के दौरान घरेलू ट्रैफिक **6%** गिरा है, जिसे देखते हुए कंपनी अब एयर टिकटों पर निर्भरता कम करने के लिए हॉलिडे पैकेजेस पर दांव लगा रही है।
भारतीय यात्रियों का जोश कम नहीं हुआ है। पिछले एक साल में हवाई किराए में 20% की बढ़ोतरी के बाद भी दशहरे और दिवाली के लिए बुकिंग की रफ्तार स्थिर बनी हुई है। हालांकि, पूरे ट्रैवल सेक्टर के लिए अगस्त का महीना चुनौतीपूर्ण रहा, जहां कैपेसिटी की दिक्कतों के कारण घरेलू हवाई ट्रैफिक में 6% की गिरावट दर्ज की गई। इसका मुख्य कारण ईंधन की बढ़ती लागत और करेंसी में उतार-चढ़ाव रहा है। यात्री अब पारंपरिक रूटों की जगह वियतनाम, इंडोनेशिया, थाईलैंड और फिलीपींस जैसे अंतरराष्ट्रीय विकल्पों को ज्यादा प्राथमिकता दे रहे हैं।\n\n### बिजनेस मॉडल में बड़ा बदलाव\n\nFlipkart इकोसिस्टम का हिस्सा, Cleartrip अब अपने बिजनेस मॉडल को पूरी तरह बदलने की तैयारी में है। फिलहाल कंपनी के कुल बिजनेस में 80% हिस्सेदारी सिर्फ हवाई टिकट बुकिंग की है। इसे संतुलित करने के लिए कंपनी होटल्स, ट्रेन, बस और हॉलिडे पैकेजेस जैसे नॉन-एयर सेगमेंट्स का दायरा बढ़ा रही है।\n\n### क्या है 2027 का लक्ष्य?\n\nकंपनी ने दिसंबर 2027 तक अपने कुल बिजनेस में नॉन-एयर कैटेगरीज का योगदान बढ़ाकर 25% करने का लक्ष्य रखा है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का सहारा लिया जा रहा है, ताकि यात्रियों को बेहतर और पर्सनलाइज्ड हॉलिडे अनुभव दिया जा सके। अब देखने वाली बात यह होगी कि क्या कंपनी अपने इन नए सर्विस पोर्टफोलियो के साथ मार्केट के पुराने खिलाड़ियों को टक्कर दे पाती है या नहीं।
