Vodafone Idea ने स्पेक्ट्रम बकाए के भुगतान के लिए तीन साल का नया रोडमैप पेश किया है। कंपनी फाइनेंशियल ईयर 2029 तक कुल **₹49,000 करोड़** का भुगतान करेगी, जो लेंडर्स का भरोसा जीतने और नेटवर्क विस्तार के लिए जरूरी है।
स्पेक्ट्रम भुगतान का शेड्यूल
कंपनी ने अपने वित्तीय बोझ को कम करने के लिए एक चरणबद्ध योजना बनाई है। इसके तहत FY27 में ₹7,000 करोड़, FY28 में ₹15,000 करोड़ और FY29 में ₹27,000 करोड़ का भुगतान किया जाएगा। यह योजना State Bank of India के नेतृत्व वाले बैंक कंसोर्टियम का भरोसा हासिल करने के लिए अहम है।
कर्ज और निवेश का संतुलन
कंपनी एक मुश्किल चुनौती से गुजर रही है। जहां एक ओर सरकार को बकाया चुकाना है, वहीं दूसरी ओर ₹45,000 करोड़ का कैपिटल एक्सपेंडिचर प्रोग्राम भी चल रहा है, जिसका फोकस 4G नेटवर्क और 5G रोलआउट पर है। इस काम के लिए कंपनी को बैंकों से ₹35,000 करोड़ का नया लोन पैकेज मिलने की उम्मीद है। इसी पूंजी पर कंपनी का भविष्य टिका हुआ है।
परफॉर्मेंस और मार्केट का नजरिया
जून 2026 की तिमाही में कंपनी के ग्राहकों की संख्या में इजाफा हुआ है, जो गिरावट के लंबे दौर के बाद एक अच्छी खबर है। कंपनी की 4G कवरेज अब देश की 86% आबादी तक पहुंच गई है और 200 से ज्यादा शहरों में 5G सर्विस उपलब्ध है। अगस्त के दौरान स्टॉक में 15% की तेजी देखी गई, हालांकि 27 अगस्त 2026 को यह ₹14.97 के करीब बंद हुआ।
रिस्क फैक्टर
बाजार के जानकारों का मानना है कि इन भुगतानों को पूरा करने के लिए कंपनी को टैरिफ में और बढ़ोतरी करनी पड़ सकती है। इसके अलावा, DoT से मिला ₹26.83 करोड़ का नोटिस और नए फंड मिलने में देरी कंपनी के लिए बड़ी चुनौतियां बनी हुई हैं। निवेशकों की नजर अब बैंक फंडिंग की मंजूरी पर टिकी है।
