Reliance Jio ARPU में उछाल: जून तिमाही में ₹215.6 पर पहुंचा

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
Reliance Jio ARPU में उछाल: जून तिमाही में ₹215.6 पर पहुंचा

Reliance Jio ने जून 2026 तिमाही के लिए प्रति यूजर औसत राजस्व (ARPU) **₹215.6** दर्ज किया है। कंपनी के पास कुल **53.33 करोड़** सब्सक्राइबर्स का बेस है। टेलीकॉम दिग्गज ने 5G अपनाने और डिजिटल सेवाओं से होने वाली आय में लगातार वृद्धि देखी है।

Reliance Jio की शानदार तिमाही

रिलायंस जियो, रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड की टेलीकॉम इकाई, ने जून 2026 को समाप्त तिमाही के लिए प्रति यूजर औसत राजस्व (ARPU) में 215.6 रुपये की स्थिर वृद्धि दर्ज की है। पिछले मार्च तिमाही के 214 रुपये की तुलना में यह एक महत्वपूर्ण उछाल है। कंपनी ने इस वृद्धि का श्रेय अपने सब्सक्राइबर मिक्स में बदलाव और 5G नेटवर्क के निरंतर विस्तार को दिया है।

सब्सक्राइबर ग्रोथ और डेटा यूसेज

तिमाही के दौरान, कंपनी ने 89 लाख नए सब्सक्राइबर्स जोड़े, जिससे कुल सब्सक्राइबर बेस 53.33 करोड़ तक पहुंच गया। 5G सेवा, जो अब 28.5 करोड़ यूजर्स का दावा करती है, इस विस्तार का एक प्रमुख चालक बनी हुई है। नेटवर्क डेटा उपयोग में भी 26.9% की उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में अधिक है। प्रति यूजर औसत मासिक डेटा खपत 43.7 GB तक पहुंच गई। सेवा छोड़ने वाले ग्राहकों का मासिक चर्न रेट (monthly churn rate) 1.6% बताया गया है।

फाइनेंशियल परफॉर्मेंस और सेगमेंट ग्रोथ

जियो प्लेटफॉर्म्स, जो डिजिटल और टेलीकॉम इकाई है, ने 39,173 करोड़ रुपये का ऑपरेटिंग रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले वर्ष की तुलना में 11.8% अधिक है। ऑपरेटिंग प्रॉफिट (EBITDA) 20,865 करोड़ रुपये रहा, जिसमें 150 बेसिस पॉइंट का मार्जिन विस्तार हुआ और यह 53.3% तक पहुंच गया। कंपनी ने बताया कि यह लाभप्रदता मुख्य रूप से परिचालन दक्षता और क्लाउड कंप्यूटिंग, IoT, और प्रबंधित सेवाओं जैसे डिजिटल सेवाओं के पोर्टफोलियो के विस्तार से प्रेरित थी।

प्रतिस्पर्धी और परिचालन परिदृश्य

हालांकि जियो लगातार उच्च सब्सक्राइबर जोड़ना जारी रखे हुए है, भारत का टेलीकॉम सेक्टर प्रमुख खिलाड़ियों के बीच तीव्र प्रतिस्पर्धा वाला बना हुआ है। हाल ही में, उद्योग में टैरिफ में संशोधन और 4G से 5G में ग्राहकों के रूपांतरण के माध्यम से ARPU बढ़ाने के प्रयास देखे गए हैं। जियो के लिए, जियो एयरफाइबर (Jio AirFiber) के माध्यम से अपनी फिक्स्ड ब्रॉडबैंड सेवा का विस्तार एक महत्वपूर्ण फोकस बन गया है, जिसने पिछले साल के ब्रॉडबैंड जोड़ का 75% से अधिक योगदान दिया है।

निवेशकों को यह देखना होगा कि कंपनी आक्रामक 5G इंफ्रास्ट्रक्चर खर्च के साथ लाभ मार्जिन को बनाए रखने या सुधारने की आवश्यकता को कैसे संतुलित करती है। पारंपरिक मोबाइल कनेक्टिविटी से हटकर राजस्व धाराओं में विविधता लाने में इसकी डिजिटल सेवाओं के सेगमेंट की प्रभावशीलता भी कंपनी के दीर्घकालिक वित्तीय स्वास्थ्य के लिए एक प्रमुख कारक होगी। कंपनी के अगले कदम में डिजिटल पेशकशों का निरंतर एकीकरण और ब्रॉडबैंड बाजार में अपनी प्रतिस्पर्धी स्थिति बनाए रखने के लिए फाइबर-टू-द-होम (FTTH) सेवाओं का विस्तार शामिल है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.