लीडरशिप में बड़ा बदलाव
Vodafone Idea लिमिटेड के बोर्ड ने मंगलवार को एक महत्वपूर्ण फैसले में कुमार मंगलम बिड़ला को नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन के पद पर नियुक्त किया है। इस नियुक्ति के साथ ही, रविंदर टक्कर ने चेयरमैन पद से इस्तीफा दे दिया है, लेकिन वे कंपनी के बोर्ड में नॉन-एग्जीक्यूटिव वाइस चेयरमैन के तौर पर बने रहेंगे। टक्कर, जो पहले Vi के सीईओ रह चुके हैं, अगस्त 2022 से चेयरमैन की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।
लगातार बनी हुई हैं चुनौतियां
यह लीडरशिप ट्रांजिशन ऐसे समय में हुआ है जब Vodafone Idea कई गंभीर ऑपरेश्नल और फाइनेंशियल चुनौतियों का सामना कर रही है। आदित्य बिड़ला ग्रुप और यूके की वोडाफोन ग्रुप का यह ज्वाइंट वेंचर 2018 में हुए मर्जर के बाद से ही कड़ी प्रतिस्पर्धा और मार्केट प्रेशर से जूझ रहा है। सब्सक्राइबरों की लगातार घटती संख्या और रेवेन्यू मार्केट शेयर में आई गिरावट ने कंपनी की आर्थिक स्थिति को और बिगाड़ दिया है। कंपनी पर भारी कर्ज (Debt) है, जिसके चलते इसे अपने ऑपरेशन्स को बनाए रखने और भारतीय टेलिकॉम सेक्टर में टिके रहने के लिए लगातार फंड की जरूरत पड़ रही है।
AGR ड्यूज़ में मिली राहत
हालांकि, हाल ही में सरकार की ओर से एडजस्टेड ग्रॉस रेवेन्यू (AGR) ड्यूज़ में की गई बड़ी कटौती ने Vi को कुछ राहत दी है। कंपनी की कुल देनदारी ₹87,695 करोड़ से घटकर ₹64,046 करोड़ रह गई है, जो लगभग 27% की कमी है। यह एडजस्टमेंट 31 दिसंबर, 2025 से लागू होगा। यह राहत कुछ हद तक कंपनी के लिए संजीवनी का काम करेगी, लेकिन Vi की दीर्घकालिक व्यवहार्यता (Long-term Viability) अभी भी उसके कुशल प्रबंधन और नए निवेश पर निर्भर करेगी। इन जटिल परिस्थितियों के बीच, कुमार मंगलम बिड़ला का नेतृत्व Vi के भविष्य को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
