BSNL का रेवेन्यू 19% बढ़ा, लेकिन 4G लॉन्च में आ रही हैं दिक्कतें

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AuthorAditya Rao|Published at:
BSNL का रेवेन्यू 19% बढ़ा, लेकिन 4G लॉन्च में आ रही हैं दिक्कतें
Overview

सरकारी कंपनी BSNL का रेवेन्यू 19% बढ़कर **₹25,000 करोड़** हो गया है और EBITDA में भी बड़ा सुधार आया है। इसकी वजह सरकार की मदद से स्वदेशी 4G नेटवर्क का लॉन्च है। कंपनी के फिक्स्ड-लाइन सेगमेंट में अच्छा प्रदर्शन करने के बावजूद, उसे कई बड़ी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है, जिसमें बड़ी संख्या में इनएक्टिव सब्सक्राइबर और Reliance Jio व Bharti Airtel की तुलना में कम मार्केट शेयर शामिल हैं।

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BSNL की आर्थिक रिकवरी

भारत संचार निगम लिमिटेड (BSNL) ने एक मजबूत वित्तीय सुधार दर्ज किया है, जिससे कंपनी का रेवेन्यू ₹25,000 करोड़ तक पहुंच गया है और ऑपरेटिंग प्रॉफिट में भी काफी सुधार हुआ है। सरकारी निवेश और घरेलू तकनीक पर ध्यान केंद्रित करने से कंपनी को फायदा हुआ है। 50,000 से अधिक बैटरी बदलने और अहम इंफ्रास्ट्रक्चर को अपग्रेड करने के बाद, BSNL का नेटवर्क अपटाइम 95% से ऊपर चला गया है, जिससे पहले की तकनीकी समस्याओं और अविश्वसनीय सेवा से जूझ रहे सिस्टम को स्थिर किया गया है।

स्वदेशी 4G टेक्नोलॉजी में स्केलिंग की चुनौतियाँ

BSNL के बदलाव का एक अहम हिस्सा पूरी तरह से स्वदेशी 4G नेटवर्क का डिप्लॉयमेंट है, जिसे Tata Consultancy Services, Tejas Networks और Centre for Development of Telematics के साथ मिलकर विकसित किया गया है। इस पहल का उद्देश्य डिजिटल आत्मनिर्भरता को बढ़ाना और विदेशी सप्लायर्स पर निर्भरता कम करना है, जिसके तहत 100,000 साइटें अब चालू हो चुकी हैं। हालाँकि BSNL दुनिया की कुछ ही कंपनियों में से एक है जो अपनी रेडियो एक्सेस नेटवर्क तकनीक का इस्तेमाल कर रही है, लेकिन इस रोलआउट में स्केलेबिलिटी की बड़ी समस्याएँ सामने आई हैं। वित्तीय वर्ष 2026 की शुरुआती रिपोर्ट्स में नई साइटों पर ट्रांसमिशन पावर में असंगतता देखी गई थी, जिसके चलते कंपनी को सेवा की गुणवत्ता मानकों को पूरा करने के लिए सुधारात्मक कार्रवाई करनी पड़ी।

हकीकत: मार्केट शेयर और सब्सक्राइबर्स

हालांकि BSNL फिक्स्ड-लाइन ब्रॉडबैंड क्वालिटी में अग्रणी है, खासकर लेटेंसी और डाउनलोड स्पीड के मामले में, लेकिन मोबाइल मार्केट में इसकी स्थिति अभी भी चुनौतीपूर्ण बनी हुई है। BSNL के पास कुल मोबाइल मार्केट का केवल लगभग 7% हिस्सा है, जो Reliance Jio और Bharti Airtel से काफी कम है, जिनका संयुक्त मार्केट शेयर 80% से अधिक है। इसके अलावा, कंपनी के 92 मिलियन के आसपास के रिपोर्ट किए गए सब्सक्राइबर बेस में बड़ी संख्या में इनएक्टिव अकाउंट शामिल हैं। इसका मतलब है कि BSNL का वास्तविक एक्टिव यूजर बेस आधिकारिक आंकड़ों की तुलना में काफी कम है, जिससे इसके इंफ्रास्ट्रक्चर अपग्रेड और स्थायी मार्केट शेयर हासिल करने की क्षमता के बीच एक अंतर पैदा हो रहा है।

BSNL का भविष्य

BSNL का मैनेजमेंट इस सकारात्मक रुझान को बनाए रखने पर ध्यान केंद्रित कर रहा है, जिसके तहत 23,000 अतिरिक्त साइटें जोड़ने और 5G पायलट टेस्ट की तैयारी की योजना है। सरकार ग्रामीण कनेक्टिविटी और डिजिटल समावेश के लिए एक महत्वपूर्ण साधन के रूप में BSNL का समर्थन जारी रखे हुए है। कंपनी की भविष्य की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि वह सरकारी सहायता प्राप्त पुनरुद्धार परियोजना से एक प्रतिस्पर्धी वाणिज्यिक ऑपरेटर के रूप में कैसे परिवर्तित होती है। प्रमुख प्रदर्शन संकेतकों में इनएक्टिव उपयोगकर्ताओं की संख्या को कम करना और एंटरप्राइज व हाई-वैल्यू मोबाइल डेटा मार्केट में प्रभावी ढंग से प्रतिस्पर्धा करने के लिए अपने व्यापक फाइबर नेटवर्क का उपयोग करना शामिल होगा।

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Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.