Zensar Technologies ने सितंबर तिमाही के नतीजे पेश कर दिए हैं। कंपनी के रेवेन्यू में **2%** की ग्रोथ देखी गई है, जो बैंकिंग सेक्टर की मजबूत मांग के दम पर आई है। हालांकि, टेलीकॉम और हेल्थकेयर सेक्टर में सुस्ती ने कंपनी के मार्जिन्स पर असर डाला है।
सितंबर 2026 की तिमाही में Zensar Technologies ने सालाना आधार पर 2% रेवेन्यू ग्रोथ दर्ज की है, जबकि पिछली तिमाही के मुकाबले इसमें 4.1% का उछाल दिखा है। कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट मार्जिन (EBIT) 13.4% रहा, जो पिछले साल के मुकाबले 30 बेसिस पॉइंट्स नीचे है। यह गिरावट कंपनी द्वारा नए सर्विस मॉडल्स में किए जा रहे निवेश का नतीजा है।
बैंकिंग सेक्टर बना सहारा
कंपनी की ग्रोथ में सबसे बड़ा योगदान बैंकिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज का रहा है। इस सेगमेंट ने सालाना आधार पर 17.1% और तिमाही आधार पर 7.1% की शानदार ग्रोथ दर्ज की है। अमेरिकी बाजार में कंपनी का रेवेन्यू 2.5% बढ़ा, जबकि अफ्रीका के ऑपरेशन्स में भी तेजी देखने को मिली।
चुनौतीपूर्ण रहे कुछ सेक्टर्स
हर तरफ खुशी का माहौल नहीं है। हेल्थकेयर और लाइफ साइंसेज डिवीजन का रेवेन्यू 9.9% घट गया है। वहीं, टेलीकॉम, मीडिया और टेक्नोलॉजी बिजनेस में 21.6% की बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। क्लाइंट्स की ओर से खर्च में कटौती ने इन सेक्टर्स के लिए मुसीबत खड़ी कर दी है, जिस पर निवेशकों को नजर रखनी होगी।
AI-लेड कॉन्ट्रैक्ट्स पर दांव
CEO मनीष टंडन के नेतृत्व में कंपनी अब पूरी तरह से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर फोकस कर रही है। अब कंपनी के कुल ऑर्डर बुक का 36% हिस्सा AI-ड्रिवेन प्रोजेक्ट्स का है। कंपनी 'टाइम एंड मटेरियल' कॉन्ट्रैक्ट्स से हटकर अब 'आउटकम-बेस्ड' मॉडल्स की ओर बढ़ रही है। इसके साथ ही, कंपनी का स्टाफ काउंट 978 बढ़कर कुल 12,320 तक पहुंच गया है।
भविष्य में ग्रोथ की रफ्तार इस बात पर निर्भर करेगी कि कंपनी $30 मिलियन के उन डील्स को कितनी जल्दी फाइनल करती है जो अभी डॉक्यूमेंटेशन स्टेज में हैं।
