Uber और Pony.ai मिलकर यूरोप में उतारेंगे 2,000 रोबोटैक्सी, देखें खास प्लान

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AuthorMehul Desai|Published at:
Uber और Pony.ai मिलकर यूरोप में उतारेंगे 2,000 रोबोटैक्सी, देखें खास प्लान

राइड-शेयरिंग दिग्गज Uber और सेल्फ-ड्राइविंग टेक्नोलॉजी कंपनी Pony.ai ने यूरोप में बड़ा कदम उठाने का ऐलान किया है। दोनों कंपनियां मिलकर चार यूरोपीय शहरों में **2,000** रोबोटैक्सी (ड्राइवरलेस टैक्सी) तैनात करेंगी। यह कदम Pony.ai की एडवांस सेल्फ-ड्राइविंग तकनीक को Uber के ग्लोबल नेटवर्क से जोड़ने की एक बड़ी कोशिश है।

क्या है Uber और Pony.ai का प्लान?

Uber Technologies और ऑटोनॉमस ड्राइविंग (Self-driving) डेवलपर Pony.ai ने अपनी पार्टनरशिप का विस्तार करते हुए यूरोप में 2,000 रोबोटैक्सी सर्विस शुरू करने की घोषणा की है। यह प्रोजेक्ट पायलट फेज से निकलकर कमर्शियल लेवल पर सेल्फ-ड्राइविंग टैक्सी सर्विस देने की दिशा में एक अहम कदम है।

इस पार्टनरशिप में Pony.ai लेवल 4 ऑटोनॉमस ड्राइविंग टेक्नोलॉजी (जो खास परिस्थितियों में बिना ह्यूमन इंटरवेंशन के गाड़ी चलाने की इजाजत देती है) मुहैया कराएगी। वहीं, Uber इन सेल्फ-ड्राइविंग कारों को अपने मौजूदा राइड-हेलिंग प्लेटफॉर्म पर इंटीग्रेट करेगा। ग्राहक Uber ऐप का इस्तेमाल करके इन ड्राइवरलेस कारों में राइड बुक कर सकेंगे, ठीक वैसे ही जैसे वे सामान्य टैक्सी के लिए करते हैं।

'एसेट-लाइट' मॉडल पर फोकस

खास बात यह है कि इस मॉडल में Uber या Pony.ai खुद गाड़ियों का मालिक नहीं होंगे। इसके बजाय, डे-टू-डे फ्लीट ऑपरेशन्स (गाड़ियों का रखरखाव, सफाई, चार्जिंग आदि) की जिम्मेदारी लोकल थर्ड-पार्टी प्रोवाइडर्स की होगी। यह Uber की 'एसेट-लाइट' बिजनेस स्ट्रैटेजी का हिस्सा है, जिसमें कंपनी कैपिटल-इंटेंसिव फ्लीट मैनेजमेंट के बजाय सॉफ्टवेयर और यूजर इंटरफेस पर ध्यान केंद्रित करती है।

यूरोप में विस्तार और चुनौतियां

यह कोलैबोरेशन मूल रूप से मई 2025 में मध्य पूर्व (Middle East) पर फोकस के साथ शुरू हुआ था। इससे पहले, कंपनियां क्रोएशिया के ज़ाग्रेब (Zagreb) में भी रोबोटैक्सी सर्विस शुरू करने की घोषणा कर चुकी हैं, जिसके लिए उन्होंने स्थानीय फर्म Verne के साथ हाथ मिलाया है। यूरोप में यह नया विस्तार और भी बड़े और जटिल बाजारों में अपनी पैठ बनाने की कोशिश है।

हालांकि, निवेशकों और मार्केट वॉचर्स के लिए यह प्रोजेक्ट कई फैक्टर्स पर निर्भर करेगा। यूरोप का रेगुलेटरी माहौल काफी बिखरा हुआ है। इसका मतलब है कि सुरक्षा नियम, डेटा प्रोटेक्शन लॉ और ऑटोनॉमस व्हीकल के लिए परमिट अलग-अलग देशों में काफी भिन्न हो सकते हैं। चार नए शहरों में जरूरी अप्रूवल हासिल करना एक बड़ी चुनौती होगी।

इसके अलावा, रोबोटैक्सी सेक्टर में कॉम्पिटिशन भी काफी बढ़ रहा है। बड़ी टेक कंपनियां और स्थापित ऑटोमेकर सेल्फ-ड्राइविंग टेक्नोलॉजी में भारी निवेश कर रहे हैं। Waymo और अन्य क्षेत्रीय मोबिलिटी कंपनियां भी मार्केट शेयर के लिए जोर-शोर से लगी हैं। कंपनियों को लोकल थर्ड-पार्टी फ्लीट मैनेजर्स के साथ काम करने में आने वाले ऑपरेशनल रिस्क को भी साबित करना होगा, क्योंकि सर्विस क्वालिटी में किसी भी तरह की कमी ब्रांड इमेज को नुकसान पहुंचा सकती है।

फिलहाल, कंपनियों ने यह नहीं बताया है कि ये 2,000 रोबोटैक्सी कब तक सड़कों पर उतरेंगी और किन चार शहरों को चुना गया है। मार्केट ऑब्जर्वर्स अब इस प्रोजेक्ट के स्पेसिफिक लोकेशंस, रेगुलेटरी अप्रूवल के टाइमलाइन और ऑपरेशनल कॉस्ट्स पर अपडेट का इंतजार कर रहे हैं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.