US Department of Justice ने Nvidia की Hugging Face को खरीदने की **$12.93 बिलियन** की डील पर जांच शुरू कर दी है। रेगुलेटर्स एंटी-ट्रस्ट नियमों और मार्केट पर कंपनी के दबदबे को लेकर सख्त रुख अपना रहे हैं, जिससे साल **2027** तक इस डील के पूरा होने पर अनिश्चितता के बादल छा गए हैं।
रेगुलेटर्स की रडार पर Nvidia
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की दिग्गज कंपनी Nvidia की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। अमेरिकी न्याय विभाग (DOJ) ने $12.93 बिलियन में Hugging Face को खरीदने की प्रस्तावित डील की गहन जांच शुरू की है। रेगुलेटर्स इस बात की जांच कर रहे हैं कि क्या यह अधिग्रहण कंपनी को AI इंफ्रास्ट्रक्चर पर अनुचित नियंत्रण प्रदान करता है, जिसे छोटे डेवलपर्स अपने मॉडल्स बनाने और शेयर करने के लिए इस्तेमाल करते हैं।
क्यों शुरू हुई यह जांच?
यह जांच केवल Hugging Face तक सीमित नहीं है। अमेरिकी अधिकारी Nvidia की हालिया निवेश रणनीति की भी समीक्षा कर रहे हैं, जिसमें सुपरकंप्यूटर सॉफ्टवेयर फर्म SchedMD और चिप एफिशिएंसी कंपनी Run:ai का अधिग्रहण भी शामिल है। इतना ही नहीं, Groq के साथ हुए टेक्नोलॉजी लाइसेंसिंग एग्रीमेंट पर भी सवाल उठाए गए हैं। मुख्य चिंता 'एंटी-कंपिटिटिव बंडलिंग' की है, यानी क्या Nvidia अपने बेहद लोकप्रिय AI प्रोसेसर बेचने के लिए क्लाइंट्स पर नेटवर्किंग हार्डवेयर भी खरीदने का दबाव बना रही है।
मार्केट में दबदबा और चुनौतियां
Nvidia के पास AI हार्डवेयर मार्केट का एक बड़ा हिस्सा है। हालांकि Alphabet, Advanced Micro Devices (AMD) और Broadcom जैसे बड़े नाम उसे कड़ी टक्कर देने की कोशिश में हैं, लेकिन न्याय विभाग यह सुनिश्चित करना चाहता है कि मार्केट में कोई 'बॉटलनेक' न बने।
क्या होगा निवेशकों पर असर?
Nvidia का मानना है कि यह डील साल 2027 की शुरुआत तक पूरी हो जाएगी। कंपनी ने दावा किया है कि Hugging Face का प्लेटफॉर्म ओपन और सपोर्टिव बना रहेगा। हालांकि, इतिहास गवाह है कि ऐसी एंटी-ट्रस्ट जांचों के बाद कंपनियों को अक्सर अपने बिजनेस मॉडल में बदलाव करने पड़ते हैं। अब निवेशकों की नजर रेगुलेटरी अपडेट्स और कंपनी के मैनेजमेंट की अगली कमेंट्री पर टिकी है, क्योंकि यह डील न केवल भविष्य की ग्रोथ के लिए जरूरी है, बल्कि कंपनी की मर्जर और एक्विजिशन रणनीति की भी परीक्षा है।
