$400 अरब के पोर्टफोलियो वाली दिग्गज निवेशक कंपनी Temasek ने AI इन्फ्रास्ट्रक्चर पर हो रहे भारी-भरकम खर्च को लेकर बाजार की चिंताओं को खारिज कर दिया है। कंपनी आने वाले सालों में अपने पोर्टफोलियो में AI का हिस्सा मौजूदा **6%** से बढ़ाकर **15%** तक करने की योजना बना रही है।
बाजार को सता रही है कौन सी चिंता?
आजकल टेक कंपनियां AI मॉडल्स को पावर देने के लिए डेटा सेंटर्स बनाने की होड़ में लगी हैं। जानकारों का अनुमान है कि 2027 तक इस सेक्टर में कुल कैपिटल स्पेंडिंग $1 ट्रिलियन के पार जा सकती है। निवेशकों के मन में यह सवाल है कि क्या यह खर्च टिकाऊ है, खासकर तब जब मुनाफा आने में समय लग रहा हो। ऊंची ब्याज दरों के दौर में भारी-भरकम कर्ज लेकर किया जा रहा यह निवेश जोखिम भरा लग सकता है।
क्यों बेफिक्र है Temasek?
Temasek की नॉर्थ अमेरिका हेड, जेन एथरटन ने साफ किया है कि टेक कंपनियां जो इस बदलाव की अगुवाई कर रही हैं, उनकी बैलेंस शीट दुनिया में सबसे मजबूत है। कंपनी का मानना है कि इन दिग्गजों के पास मौजूद भारी फाइनेंशियल रिजर्व एक सुरक्षा घेरा (Buffer) की तरह काम करता है। इसलिए, भारी निवेश के बावजूद ये कंपनियां किसी बड़े फाइनेंशियल संकट में नहीं फंसेंगी।
पोर्टफोलियो में बड़ा बदलाव
$400 अरब के एसेट्स मैनेज करने वाली Temasek अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर अपना फोकस बढ़ा रही है। 2031 तक कंपनी का लक्ष्य अपने पोर्टफोलियो में AI एक्सपोजर को 10% से 15% के बीच ले जाने का है। फिलहाल कंपनी Nvidia, Anthropic, OpenAI, BlackRock और Mastercard जैसी कंपनियों में पहले से निवेशित है।
रिस्क फैक्टर और सतर्कता
वित्तीय पहलुओं के अलावा, कंपनी AI के सामाजिक और अस्तित्व संबंधी जोखिमों पर भी नजर रख रही है। एथरटन ने माना कि AI के तेज विकास के लिए सरकारों और प्राइवेट डेवलपर्स को मिलकर काम करना होगा। अब बाजार की नजर इस बात पर है कि यह बुनियादी ढांचा कितना जल्दी और प्रभावी ढंग से प्रॉफिट में तब्दील होता है।
