TakeMe2Space का बड़ा धमाका: 2028 में SpaceX रॉकेट के जरिए अंतरिक्ष में लॉन्च होगा 'Orbital Data Centre'

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
TakeMe2Space का बड़ा धमाका: 2028 में SpaceX रॉकेट के जरिए अंतरिक्ष में लॉन्च होगा 'Orbital Data Centre'

भारतीय स्पेसटेक स्टार्टअप TakeMe2Space ने **2028** के अंत में SpaceX Falcon 9 रॉकेट के जरिए दो ऑर्बिटल डेटा सेंटर सैटेलाइट्स लॉन्च करने का ऐलान किया है। इस मिशन का मकसद Nvidia हार्डवेयर का उपयोग करके अंतरिक्ष में ही रीयल-टाइम डेटा प्रोसेसिंग को टेस्ट करना है।

अंतरिक्ष में कंप्यूटिंग का नया दौर

TakeMe2Space ने अंतरिक्ष में डेटा प्रोसेसिंग के लिए एक नई योजना तैयार की है। इसके तहत 100 किलो के दो सैटेलाइट्स को Nvidia Thor GPUs और 100 टेराबाइट स्टोरेज के साथ स्पेस में भेजा जाएगा। इससे डेटा को ग्राउंड स्टेशन भेजने के बजाय सीधे अंतरिक्ष में ही प्रोसेस किया जा सकेगा, जिससे लैटेंसी (latency) में भारी कमी आएगी। यह सैटेलाइट्स मुख्य रूप से कृषि और समुद्री निगरानी के डेटा को रीयल-टाइम में एनालाइज करने का काम करेंगे।

मिशन और तकनीकी साझेदारी

यह प्रोजेक्ट कंपनी के 'OrbitLab' प्लेटफॉर्म का हिस्सा है। कंपनी ने इसके लिए पेरिस स्थित मिशन मैनेजर RIDE! Space के साथ कॉन्ट्रैक्ट किया है। इन सैटेलाइट्स को 500 किमी की 'सन-सिंक्रोनस ऑर्बिट' में Waymaker-2 राइडशेयर मिशन के जरिए स्थापित किया जाएगा। वहीं, हार्डवेयर और PowerBank-50 जैसी बैटरी तकनीक को और बेहतर बनाने के लिए कंपनी ने हाल ही में Chiratae Ventures के नेतृत्व में $5 मिलियन की सीड फंडिंग जुटाई है।

पुरानी असफलता और भविष्य की चुनौती

TakeMe2Space की राह आसान नहीं रही है। जनवरी 2026 में PSLV-C62 मिशन के दौरान कंपनी को अपने MOI-1 सैटेलाइट को खोने का बड़ा झटका लगा था। इस असफलता के बाद निवेशकों के लिए 1 अक्टूबर, 2026 का MOI-1a सैटेलाइट लॉन्च बेहद महत्वपूर्ण हो गया है। यह लॉन्च कंपनी की विश्वसनीयता और उसकी तकनीक की सफलता को साबित करने के लिए एक 'महत्वपूर्ण पड़ाव' (milestone) माना जा रहा है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.