Swiggy, Zomato के पूर्व एग्जीक्यूटिव्स ने AI स्टार्टअप Profound के लिए जुटाए $1.5 मिलियन

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
Swiggy, Zomato के पूर्व एग्जीक्यूटिव्स ने AI स्टार्टअप Profound के लिए जुटाए $1.5 मिलियन

AI-नेटिव करियर प्लेटफॉर्म Profound ने **$1.5 मिलियन** की सीड फंडिंग हासिल कर ली है। इस फंडिंग का नेतृत्व Stellaris Venture Partners और 3one4 Capital ने किया है। यह कंपनी पूर्व Swiggy और Zomato एग्जीक्यूटिव्स द्वारा स्थापित की गई है और इसका लक्ष्य पर्सनल AI रिप्रेजेंटेटिव्स के जरिए प्रोफेशनल्स को करियर के बेहतर मौके दिलाना है।

Profound: AI से करियर बदलने का नया तरीका

Profound, एक नया स्टार्टअप जो AI-आधारित करियर टूल्स बना रहा है, ने $1.5 मिलियन की सीड फंडिंग के साथ मार्केट में एंट्री की है। इस कंपनी की स्थापना अनुज राठी (पूर्व में Swiggy से जुड़े थे) और प्रशांत पराशर (जिन्होंने Zomato, Flipkart और Ola जैसी कंपनियों के साथ काम किया है) ने की है। इस कैपिटल से कंपनी अपनी प्रोडक्ट और इंजीनियरिंग टीम को बढ़ाने के साथ-साथ ग्लोबल एक्सपेंशन की तैयारी करेगी।

AI रिप्रेजेंटेटिव: प्रोफाइल से आगे

Profound का मुख्य प्रोडक्ट 'AI रिप्रेजेंटेटिव' (AI Rep) है। यह वॉयस-आधारित इंटरैक्शन का उपयोग करके यूजर की प्रोफेशनल बैकग्राउंड, स्किल्स और निर्णय लेने की शैली को समझता है। पारंपरिक करियर प्लेटफॉर्म्स के विपरीत, जो स्टैटिक रिज्यूमे या कीवर्ड-बेस्ड प्रोफाइल पर निर्भर करते हैं, Profound का इंजन इस गहरी जानकारी का उपयोग करियर मैचिंग और नेटवर्किंग को बेहतर बनाने के लिए करता है। कंपनियों के लिए, Profound इन AI टूल्स को टैलेंट एक्विजिशन और इंटरनल कोलैबोरेशन को स्ट्रीमलाइन करने के लिए पेश करेगा।

टेक दिग्गजों और फंड्स का भरोसा

इस फंडिंग राउंड में भारतीय टेक और स्टार्टअप इकोसिस्टम के कई बड़े नामों ने हिस्सा लिया। शुरुआती निवेशकों में Swiggy के को-फाउंडर श्रीहर्ष मजेटी और नंदन रेड्डी, Zomato के शुरुआती लीडर पंकज चड्ढा और Razorpay के CEO हर्षिल माथुर शामिल हैं। वहीं, Stellaris Venture Partners और 3one4 Capital जैसे इंस्टीट्यूशनल निवेशकों ने भी इसमें भाग लिया। ये दोनों फर्म्स भारतीय स्टार्टअप स्पेस में जानी-मानी निवेशक हैं और विभिन्न SaaS और कंज्यूमर-टेक वेंचर्स को सपोर्ट कर चुकी हैं। इनका निवेश इस प्लेटफॉर्म की प्रोफेशनल डिस्कवरेबिलिटी और हायरिंग में आ रही अड़चनों को दूर करने की क्षमता पर फोकस दिखाता है।

भविष्य की योजनाएं और मार्केट स्ट्रैटेजी

Profound का कहना है कि इस नई फंडिंग का इस्तेमाल अपने खास मैचिंग इंजन और वॉयस-AI टेक्नोलॉजी को बेहतर बनाने में किया जाएगा। कंपनी का लक्ष्य है कि व्यापक बीटा लॉन्च से पहले ग्लोबल स्तर पर दस लाख (1 मिलियन) प्रोफेशनल्स को अपने प्लेटफॉर्म से जोड़ा जाए।

बिजनेस के नजरिए से, Profound AI-एनेबल्ड प्रोफेशनल सर्विसेज के बढ़ते सेगमेंट में अपनी जगह बना रहा है। हालांकि, इस क्षेत्र में बड़े भाषा मॉडल (LLM) और वॉयस AI में प्रगति के कारण रुचि बढ़ी है, लेकिन इस स्पेस के स्टार्टअप्स को यूजर एडॉप्शन, AI-संचालित सिफारिशों की गुणवत्ता और LinkedIn जैसे स्थापित नेटवर्किंग प्लेटफॉर्म से कड़ी प्रतिस्पर्धा जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ सकता है।

निवेशकों और जानकारों को Profound की प्रोडक्ट डेवलपमेंट से लेकर बड़े पैमाने पर यूजर एक्विजिशन तक के सफर पर नजर रखनी चाहिए। कंपनी की सफलता के लिए उसके मैचिंग इंजन की सटीकता, डेटा प्राइवेसी मैनेजमेंट और मौजूदा एंटरप्राइज हायरिंग वर्कफ़्लो के साथ इंटीग्रेशन की क्षमता जैसे कारक महत्वपूर्ण होंगे। जैसे-जैसे प्रोडक्ट पब्लिक बीटा की ओर बढ़ेगा, यूजर्स के लिए उच्च एंगेजमेंट स्तर बनाए रखना और वास्तविक हायरिंग या नेटवर्किंग सफलता का प्रदर्शन करना ही विकास का मुख्य पैमाना होगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.