Oracle का Tencent के साथ **$7 बिलियन** का बड़ा करार रद्द, अमेरिकी दबाव के बाद लिया फैसला

TECHNOLOGY
Whalesbook Logo
AuthorNeha Patil|Published at:
Oracle का Tencent के साथ **$7 बिलियन** का बड़ा करार रद्द, अमेरिकी दबाव के बाद लिया फैसला

Oracle ने Tencent के साथ हुए **$7 बिलियन** के AI चिप एग्रीमेंट को अमेरिकी नियमों के दबाव में रद्द कर दिया है। यह कदम क्लाउड प्रोवाइडर्स के लिए बढ़ते भू-राजनीतिक जोखिमों को दर्शाता है, जिससे कंपनी के कर्ज और विस्तार की योजनाओं पर असर पड़ सकता है।

सौदे के पीछे की वजह

अमेरिकी अधिकारियों के निजी हस्तक्षेप के बाद Oracle Corp ने चीनी दिग्गज Tencent के साथ हुए $7 बिलियन के पांच-वर्षीय चिप-लीजिंग एग्रीमेंट को खत्म करने का फैसला किया है। चिंता यह थी कि यह सौदा चीन को अमेरिकी एक्सपोर्ट कंट्रोल से बचने का रास्ता दे सकता था। इस पार्टनरशिप के तहत Tencent को दक्षिण-पूर्व एशिया में स्थित लगभग 1,00,000 एडवांस AI चिप्स तक पहुंच मिलने वाली थी।

निवेशकों की चिंताएं (Financial Risk)

यह फैसला Oracle की इंटरनेशनल एक्सपेंशन स्ट्रैटेजी के लिए एक बड़ा झटका है। कंपनी ने हाल ही में AI इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए $20 बिलियन जुटाए हैं। ऐसे में इतने बड़े कॉन्ट्रैक्ट का रद्द होना कंपनी की रेवेन्यू जनरेट करने की क्षमता पर सवाल खड़ा करता है। कंपनी पहले ही भारी कर्ज के दबाव में है और क्रेडिट रेटिंग एजेंसियां भी इसे लेकर सतर्क रहने की सलाह दे चुकी हैं।

ऑपरेशनल रिस्क और मार्जिन पर दबाव

एक बड़ी चुनौती यह है कि Oracle अक्सर 15 से 19 साल के लंबे डेटा सेंटर लीज लेती है, जबकि रेवेन्यू एग्रीमेंट केवल 5 साल के होते हैं। ऐसे में अगर कॉन्ट्रैक्ट समय से पहले कैंसिल होते हैं, तो कंपनी पर फिक्स्ड कॉस्ट का बोझ बढ़ जाता है और प्रॉफिट मार्जिन में गिरावट आ सकती है।

अब निवेशकों की नजर इस बात पर होगी कि क्या Oracle इन डेटा सेंटर्स के लिए नए ग्राहक ढूंढ पाएगी या यह एक्सपेंशन उनकी बैलेंस शीट पर और बोझ डालेगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.