OpenAI ने ChatGPT पर विज्ञापन दिखाने की अपनी रणनीति का ऐलान कर दिया है। फिलहाल यह सुविधा अमेरिकी यूजर्स के लिए शुरू की जा रही है, जिसका मकसद एआई के भारी खर्चों को निकालना है। चूँकि OpenAI अभी भी एक प्राइवेट कंपनी है, इसलिए इसका असर किसी शेयर बाजार पर नहीं होगा।
ओपन एआई (OpenAI) अब विज्ञापन की दुनिया में कदम रख रही है। अक्टूबर 2026 के अंत से, अमेरिका में यूजर्स को ChatGPT द्वारा जेनरेट की गई इमेज के साथ स्पॉन्सर्ड कंटेंट देखने को मिलेगा। कंपनी अपने 1.2 बिलियन वीकली एक्टिव यूजर्स के आधार को एक रेवेन्यू सोर्स में बदलने की योजना बना रही है।
एडवरटाइजिंग और ब्रांड सुरक्षा
ब्रांड्स को आकर्षित करने के लिए कंपनी ने AppsFlyer, Branch, Adjust, DoubleVerify और Integral Ad Science जैसी फर्मों के साथ हाथ मिलाया है। ये पार्टनरशिप यह सुनिश्चित करेगी कि विज्ञापन सुरक्षित और प्रभावी हों, ताकि कंपनियों को उनके एड परफॉर्मेंस का सटीक डेटा मिल सके।
क्यों लिया गया यह फैसला?
एआई मॉडल को चलाने की लागत बहुत अधिक होती है। विज्ञापनों के जरिए कंपनी अपना दूसरा रेवेन्यू सोर्स तैयार कर रही है, जो सब्सक्रिप्शन मॉडल के साथ मिलकर भारी इंफ्रास्ट्रक्चर खर्च को कवर करने में मदद करेगा। हालांकि, यह रणनीति जोखिम भरी भी है—ज्यादा विज्ञापन यूजर्स को परेशान कर सकते हैं, जिससे लोग प्रीमियम, विज्ञापन-मुक्त सब्सक्रिप्शन की ओर रुख कर सकते हैं।
निवेशकों के लिए जरूरी बात
सबसे महत्वपूर्ण यह है कि OpenAI अभी भी एक प्राइवेट कंपनी है। हालांकि कंपनी ने आईपीओ (IPO) के लिए गोपनीय पेपरवर्क फाइल किए हैं, लेकिन अभी तक कोई लिस्टिंग डेट तय नहीं है। इसलिए, फिलहाल बाजार में इसका कोई शेयर उपलब्ध नहीं है। कंपनी को 2030 तक भारी कैश बर्न का सामना करना पड़ सकता है और माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) के साथ उनकी इंफ्रास्ट्रक्चर साझेदारी अभी भी वित्तीय स्वास्थ्य के लिए बेहद अहम बनी हुई है।
