Oracle Financial Services Software (OFSS) के शेयरों में **21 सितंबर** को **6.5%** की भारी गिरावट देखी गई। इसकी मुख्य वजह पेरेंट कंपनी Oracle के अमेरिकी डेटा सेंटर प्रोजेक्ट के लिए फंडिंग में आ रही दिक्कतें हैं।
बाजार में बिकवाली का कारण
21 सितंबर को OFSS का शेयर 6.5% टूटकर ₹11,131 के स्तर पर पहुंच गया। यह बिकवाली कंपनी के भारतीय कामकाज की वजह से नहीं, बल्कि इसकी अमेरिकी पेरेंट कंपनी Oracle Corporation के एक बड़े डेटा सेंटर प्रोजेक्ट से जुड़ी वित्तीय चिंताओं के कारण आई है।
क्या है 'Project Jupiter' का विवाद?
मामला न्यू मैक्सिको में स्थित 'Project Jupiter' डेटा सेंटर से जुड़ा है, जिसके लिए $18 बिलियन का कर्ज जुटाया गया है। यह प्रोजेक्ट OpenAI को AI कंप्यूटिंग क्षमता देने के लिए बनाया जा रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, सिंडिकेट बैंक इस कर्ज को अन्य निवेशकों को बेचने में मुश्किल महसूस कर रहे हैं, जिसके चलते यह कर्ज 89 से 91 सेंट प्रति डॉलर के डिस्काउंट पर ट्रेड हो रहा है।
इसके अलावा, स्थानीय स्तर पर पर्यावरण और गैस पाइपलाइन संबंधी रेगुलेटरी रुकावटों ने भी प्रोजेक्ट की राह मुश्किल कर दी है।
भारतीय निवेशकों के लिए क्या है मायने?
Oracle की भारतीय सहायक कंपनी OFSS में पेरेंट कंपनी की हिस्सेदारी लगभग ₹70,000 करोड़ या $7.3 बिलियन मूल्य की है। ग्लोबल मार्केट में पेरेंट कंपनी के बैलेंस शीट और क्रेडिट प्रोफाइल को लेकर पैदा हुई अनिश्चितता का असर सेंटीमेंट के तौर पर भारतीय स्टॉक पर भी दिख रहा है। हालांकि, निवेशकों को यह समझना चाहिए कि $18 बिलियन का कर्ज सीधे तौर पर भारतीय इकाई के ऑपरेशंस से नहीं जुड़ा है। आगे कंपनी के कर्ज रिफाइनेंसिंग अपडेट्स और रेगुलेटरी क्लीयरेंस पर नजर रखना महत्वपूर्ण होगा।
