Nasdaq लिस्टेड कंपनी Nutanix ने अब भारत पर अपना फोकस बढ़ा दिया है। कंपनियां अपना संवेदनशील AI डेटा स्थानीय सर्वर पर सुरक्षित रखना चाहती हैं, जिसका फायदा Nutanix के हाइब्रिड क्लाउड मॉडल को मिल रहा है। कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2026 में **$2.8 बिलियन** का रेवेन्यू दर्ज किया है।
डेटा लोकलाइजेशन और क्लाउड रिपैट्रिएशन
Nutanix अब भारतीय बाजार में 'क्लाउड रिपैट्रिएशन' (Cloud Repatriation) की रणनीति पर जोर दे रही है। इसका मतलब है कि कंपनियां अब पब्लिक क्लाउड से अपना डेटा वापस प्राइवेट और स्थानीय सर्वर पर ला रही हैं। भारत के सख्त डेटा रेसिडेंसी कानूनों के कारण, व्यवसायों को अपने AI डेटा को देश की सीमाओं के भीतर रखने की जरूरत है। कंपनी का हाइब्रिड मॉडल कंपनियों को पब्लिक क्लाउड के लचीलेपन और निजी सर्वर की सुरक्षा के बीच एक बेहतर बैलेंस बनाने में मदद कर रहा है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस और ग्रोथ
वित्तीय मोर्चे पर कंपनी ने मजबूत प्रदर्शन किया है। फाइनेंशियल ईयर 2026 में कंपनी का कुल रेवेन्यू $2.8 बिलियन रहा, जो पिछले साल के मुकाबले 12% अधिक है। वहीं, एनुअल रिकरिंग रेवेन्यू (ARR) $2.5 बिलियन तक पहुंच गया है, जिसमें 16% की वृद्धि दर्ज की गई है। कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2027 के लिए $3.18 बिलियन से $3.23 बिलियन के रेवेन्यू का अनुमान जताया है।
बड़े दिग्गजों के साथ गठबंधन
अपने इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए Nutanix ने टेक्नोलॉजी जगत की बड़ी कंपनियों जैसे NVIDIA, Intel, AMD और Hugging Face के साथ पार्टनरशिप की है। इन साझेदारियों का मुख्य मकसद AI इंफ्रास्ट्रक्चर की परफॉर्मेंस को बेहतर बनाना और कंपनियों के लिए शुरुआती लागत को कम करना है। जैसे-जैसे भारत में डेटा सुरक्षा के नियम सख्त हो रहे हैं, निवेशकों की नजर इस बात पर है कि क्या Nutanix का यह हाइब्रिड मॉडल लंबी अवधि में अपनी बढ़त को बनाए रख पाएगा।
