Meta Platforms ने AI इन्फ्रास्ट्रक्चर के लिए **$15 अरब** जुटाने की तैयारी की है। इसी बीच CrowdStrike ने नए AI सुरक्षा टूल पेश किए हैं और भारतीय स्टार्टअप Sarvam AI ने अपना 'Prism' मॉडल लॉन्च किया है।
AI सेक्टर में इस समय तेजी का माहौल है, जहां दिग्गज कंपनियां और स्टार्टअप्स इन्फ्रास्ट्रक्चर और सिक्योरिटी पर भारी निवेश कर रहे हैं।
Meta का भारी-भरकम खर्च
Meta Platforms ने अपने एग्रेसिव विस्तार के लिए $15 अरब के बॉन्ड जारी करने का फैसला किया है। कंपनी AI इन्फ्रास्ट्रक्चर को लेकर काफी आक्रामक है और 2026 तक इसका कुल कैपिटल स्पेंडिंग $135 अरब से $145 अरब के बीच रहने का अनुमान है। निवेशकों के लिए चिंता का विषय यह है कि कंपनी का यह कर्ज आधारित निवेश आने वाले समय में प्रॉफिट मार्जिन पर दबाव डाल सकता है।
CrowdStrike का 'AI किल स्विच'
साइबर सुरक्षा की दुनिया में CrowdStrike ने एक बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ने अपने 'Falcon Guardian' प्लेटफॉर्म में 'AI Kill Switch' जोड़ा है, जिससे अचानक बेकाबू हुए AI एजेंट्स को तुरंत बंद किया जा सकेगा। इसके अलावा, अपनी क्षमताओं को बढ़ाने के लिए कंपनी Fiddler AI और Dreadnode को खरीदने जा रही है। निवेशकों को हालांकि इन अधिग्रहणों के साथ आने वाले एग्जीक्यूशन रिस्क और लागत पर नजर रखनी होगी।
भारत का Sarvam AI और 'Prism'
भारतीय स्टार्टअप Sarvam AI ने अपना नया मॉडल 'Sarvam Prism' पेश किया है, जो 105B बेस पर आधारित है। इसकी खासियत इसकी स्पीड है, जो महज 44 मिलीसेकंड में रिस्पॉन्स दे सकता है। कंपनी ने इसे Apache 2.0 ओपन-वेट्स लाइसेंस के तहत लॉन्च किया है, जिससे यह ग्लोबल मार्केट में बड़ी कंपनियों को टक्कर देने की कोशिश में है। अब देखना यह होगा कि क्या यह अपनी क्षेत्रीय भाषा की दक्षता और लो-लेटेंसी फीचर्स के दम पर भारतीय मार्केट में बड़ी हिस्सेदारी बना पाएगा।
