L&T का चेन्नई में बनेगा ₹15,000 करोड़ का AI फ़ैक्टरी, शेयर में आई तेज़ी

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
L&T का चेन्नई में बनेगा ₹15,000 करोड़ का AI फ़ैक्टरी, शेयर में आई तेज़ी

Larsen & Toubro (L&T) ने AI इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में ज़बरदस्त एंट्री मारी है। कंपनी को अमेरिकी क्लाउड प्लेटफ़ॉर्म Together AI की ओर से चेन्नई में एक AI फ़ैक्टरी बनाने के लिए ₹10,000 करोड़ से ₹15,000 करोड़ का बड़ा ऑर्डर मिला है। इस खबर के बाद L&T के शेयर में करीब **2%** की तेज़ी देखी गई।

L&T की नई डिजिटल छलांग

यह डील L&T के लिए पारंपरिक सिविल और पावर इंफ्रास्ट्रक्चर से हटकर स्पेशलाइज्ड डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की ओर एक अहम कदम है। यह AI फ़ैक्टरी L&T के डेटा सेंटर कैम्पस, चेन्नई में बनाई जाएगी और इसे LTN Compute, जो L&T की Vyoma.AI डिविज़न का हिस्सा है, संभालेगी।

हाई-परफॉरमेंस कंप्यूटिंग हब

इस प्रोजेक्ट में 10,000 NVIDIA B300 GPUs का इस्तेमाल किया जाएगा। ये खास चिप्स बड़े AI मॉडल को ट्रेन करने के लिए बेहद ज़रूरी हैं। पहले फेज़ में कैम्पस की क्षमता 250-मेगावाट (MW) होगी, जिसके लिए 150 MVA पावर इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार किया जाएगा।

नए बिज़नेस में L&T

L&T अपने इंजीनियरिंग और डेटा सेंटर बनाने के अनुभव का इस्तेमाल करके भारत में हाई-एंड कंप्यूटिंग सुविधाओं की बढ़ती मांग को पूरा करने की कोशिश कर रही है। इस कदम से कंपनी को अपने रेगुलर इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट और कंस्ट्रक्शन (EPC) बिज़नेस के अलावा कमाई के नए रास्ते मिलेंगे। इस बड़े ऑर्डर की घोषणा के बाद, L&T के शेयर में सेशन के दौरान लगभग 1.2% से 1.9% की बढ़त दर्ज की गई।

निवेशकों के लिए क्या हैं जोखिम?

हालांकि यह प्रोजेक्ट एक बड़ी उपलब्धि है, लेकिन निवेशकों को इस नए बिज़नेस में कुछ जोखिमों पर भी नज़र रखनी चाहिए। AI फ़ैक्टरी बनाना और चलाना एक जटिल और कैपिटल-इंटेंसिव काम है, जिसमें लगातार हाई-कैपेसिटी पावर और स्टेबल कनेक्टिविटी की ज़रूरत होती है। साथ ही, टेक्नोलॉजी में तेज़ी से बदलाव का खतरा भी है, जहाँ नए GPU जेनरेशन पुराने हार्डवेयर को जल्दी आउटडेटेड कर सकते हैं। कंपनी की सफलता इस बात पर भी निर्भर करेगी कि वह इस बड़े पैमाने पर तकनीकी ज़रूरतों और पावर सप्लाई को कितनी कुशलता से मैनेज करती है।

आगे क्या?

निवेशकों के लिए प्रोजेक्ट के कंस्ट्रक्शन टाइमलाइन और ऑपरेशनल कमीशनिंग पर नज़र रखना महत्वपूर्ण होगा। यह देखना होगा कि L&T कितनी जल्दी इस नई AI डिविज़न को बढ़ा पाती है और क्या वह हाई-परफॉरमेंस कंप्यूटिंग सेक्टर में एक मजबूत बिज़नेस बनाने के लिए ऐसे ही बड़े ऑर्डर हासिल कर पाती है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.