Infosys Share Price: 52-week लो से संभला शेयर, ABN AMRO के साथ बढ़ी साझेदारी

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AuthorMehul Desai|Published at:
Infosys Share Price: 52-week लो से संभला शेयर, ABN AMRO के साथ बढ़ी साझेदारी

Infosys का शेयर अपने हालिया 52-week लो यानी **₹980.40** से थोड़ा रिकवर हुआ है। यह राहत ABN AMRO Bank के साथ साझेदारी के विस्तार के बाद आई है। इस डील के जरिए कंपनी अपने 'Topaz' AI प्लेटफॉर्म से बैंक के डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को मॉडर्न बनाएगी। हालांकि, सेक्टर की चुनौतियां अभी भी बनी हुई हैं, जिस पर निवेशकों की नजरें **23 अक्टूबर 2026** को आने वाले Q2 रिजल्ट्स पर टिकी हैं।

Infosys के शेयरों में गुरुवार के कारोबारी सत्र के दौरान हल्की रिकवरी दिखी, जो एक दिन पहले छुए गए ₹980.40 के 52-week लो से ऊपर कारोबार कर रहा है। यह उछाल तब आया जब कंपनी ने ABN AMRO Bank के साथ अपनी लॉन्ग-टर्म स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप को आगे बढ़ाने का ऐलान किया। बाजार की यह पॉजिटिव प्रतिक्रिया दर्शाती है कि निवेशक आईटी दिग्गज के लिए बिजनेस स्टेबिलिटी की तलाश में हैं, क्योंकि पिछले 12 महीनों में स्टॉक ने काफी गिरावट देखी है।

AI का बढ़ा क्रेज

यह डील Infosys के 'Topaz' प्लेटफॉर्म के इर्द-गिर्द घूमती है, जो जेनरेटिव AI और एजेंटिक AI पर केंद्रित है। इस समझौते के तहत, कंपनी बैंक के एप्लिकेशन डेवलपमेंट, टेस्टिंग प्रोटोकॉल और कोर आईटी सपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर को मॉडर्न बनाएगी। इसका मुख्य मकसद ऑटोमेशन के जरिए बैंक का ऑपरेशनल खर्च कम करना है। Infosys के लिए यह कॉन्ट्रैक्ट इस बात का सबूत है कि उसके AI-आधारित सर्विस मॉडल की मांग बनी हुई है।

सेक्टर की बड़ी चुनौतियां

हालांकि यह डील एक राहत की खबर है, लेकिन आईटी सेक्टर की बुनियादी समस्याएं अभी भी कायम हैं। ग्लोबल लेवल पर टेक स्पेंडिंग में सुस्ती और 'AI-लेड डिफ्लेशन' का दबाव बढ़ रहा है। AI के कारण पारंपरिक कामों की लागत कम होने से कॉन्ट्रैक्ट की कुल वैल्यू पर असर पड़ रहा है, जो सीधे मुनाफे (Profit Margin) को प्रभावित कर रहा है। सितंबर 2026 तक, कंपनी का स्टॉक पिछले 12 महीनों में करीब 31.8% गिर चुका है।

अब नतीजों का इंतजार

अब बाजार की नजरें फाइनेंशियल ईयर 2027 की दूसरी तिमाही के नतीजों पर हैं, जो 23 अक्टूबर 2026 को आने वाले हैं। शेयरहोल्डर्स यह देखेंगे कि क्या ऐसी डील्स रेवेन्यू ग्रोथ को स्टेबल कर पाएंगी और मार्जिन को बचा पाएंगी। निवेशकों की नजर मैनेजमेंट की उस कमेंट्री पर भी होगी, जो फ्यूचर डिमांड के बारे में दी जाएगी।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.