Infosys के शेयर में सोमवार को **2.6%** की कमजोरी देखने को मिली है। हैदराबाद में नए कैंपस के उद्घाटन के बावजूद, बाजार की नजर कंपनी की घटी हुई FY27 रेवेन्यू गाइडेंस और क्लाइंट स्पेंडिंग में अनिश्चितता पर टिकी है।
बाजार का मूड और इन्फ्रास्ट्रक्चर निवेश
Infosys के शेयरों में सोमवार को दबाव दिखा, जहां स्टॉक 2.6% गिरकर बंद हुआ। कंपनी ने हाल ही में हैदराबाद के पोचारम कैंपस में 1.1 मिलियन वर्ग फीट का नया सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट ब्लॉक शुरू किया है। इस सुविधा में 13,000 कर्मचारियों के बैठने की क्षमता है और यह कंपनी की AI और डिजिटल सेवाओं को बढ़ाने की रणनीति का हिस्सा है। हालांकि, यह निवेश कंपनी के भविष्य के प्रति विश्वास जगाता है, लेकिन निवेशकों का ध्यान फिलहाल हालिया नतीजों पर अधिक है।
क्यों दबाव में है शेयर?
बिकवाली की मुख्य वजह कंपनी का Q2 FY27 अपडेट है, जिसमें मैनेजमेंट ने पूरे फाइनेंशियल ईयर के लिए रेवेन्यू ग्रोथ गाइडेंस को घटाकर 1%-2% (constant currency) कर दिया है। कंपनी ने $5.2 बिलियन के बड़े डील हासिल किए हैं, लेकिन मार्केट को चिंता इस बात की है कि ये कॉन्ट्रैक्ट्स रेवेन्यू में कितनी जल्दी तब्दील होंगे।
AI का दम और चुनौतियां
उम्मीद की किरण कंपनी के AI-led सर्विसेज में है, जहां रेवेन्यू में तिमाही-दर-तिमाही 29% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। यह कुल रेवेन्यू का 10.5% हिस्सा बन चुका है। हालांकि, बैंकिंग, रिटेल और लाइफ साइंसेज जैसे क्षेत्रों में क्लाइंट्स का खर्च कम होने के कारण यह ग्रोथ कंपनी की कुल कमाई पर भारी पड़ रही है।
निवेशकों के लिए अहम तारीख
निवेशक अब ₹26 प्रति शेयर के अंतरिम डिविडेंड (Interim Dividend) पर नजर गड़ाए हुए हैं। इस डिविडेंड के लिए 3 नवंबर, 2026 की रिकॉर्ड डेट तय की गई है। जो निवेशक इस पेआउट का फायदा उठाना चाहते हैं, उन्हें इस तारीख से पहले शेयर अपने पोर्टफोलियो में रखने होंगे। आगे चलकर कंपनी के लिए सबसे बड़ी चुनौती बड़े सौदों (deals) को तेजी से रेवेन्यू में बदलना होगी।
