Infosys ने पहली तिमाही में **12%** का नेट प्रॉफिट ग्रोथ दर्ज किया है, जो **₹7,769 करोड़** रहा। कंपनी को बड़े डील तो मिले हैं, लेकिन धीमी क्लाइंट खर्च के चलते Infosys ने इस फाइनेंशियल ईयर के लिए अपने रेवेन्यू ग्रोथ का अनुमान घटाकर **1.5%-3%** कर दिया है।
Detailed Coverage
Infosys के नतीजे: मुनाफा बढ़ा, पर भविष्य को लेकर चिंता?
Infosys ने अपने फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही के नतीजे जारी किए हैं। कंपनी के कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट में पिछले साल की तुलना में 12% की शानदार बढ़त देखी गई, जो ₹7,769 करोड़ रहा। वहीं, कंपनी का रेवेन्यू 14% बढ़कर ₹48,211 करोड़ हो गया।
रेवेन्यू गाइडेंस में कटौती: क्यों?
इन मजबूत नतीजों के बावजूद, Infosys ने पूरे फाइनेंशियल ईयर के लिए अपने रेवेन्यू ग्रोथ के अनुमान को 1.5% से 3% (कांस्टेंट करेंसी में) कर दिया है। यह कटौती ऐसे समय में आई है जब IT सेक्टर क्लाइंट्स के खर्च में नरमी और लंबी डील साइकिल जैसी चुनौतियों का सामना कर रहा है। कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट 15% बढ़कर ₹10,163 करोड़ रहा, जबकि ऑपरेटिंग मार्जिन 21.1% पर बना रहा। यह देखना अहम होगा कि क्या कंपनी इस मार्जिन को आगे भी बनाए रख पाती है।
AI का बढ़ता दबदबा और सेग्मेंट्स का प्रदर्शन
Infosys के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) एक बड़ा फोकस एरिया बना हुआ है। AI से जुड़ी सर्विसेज अब कंपनी के कुल रेवेन्यू का 8.2% हिस्सा बन गई हैं। कंपनी के AI प्लेटफॉर्म, Infosys Topaz, ने क्लाइंट एंगेजमेंट्स में अहम भूमिका निभाई है। Infosys ने $3.6 बिलियन के बड़े डील्स पर हस्ताक्षर किए हैं, जिनमें से 61% नए बिजनेस के तौर पर हैं। सेग्मेंट्स की बात करें तो लाइफ साइंसेज में 24% की ग्रोथ देखी गई, जबकि फाइनेंशियल सर्विसेज (जो कुल रेवेन्यू का 27.9% है) में 2% की बढ़त दर्ज की गई।
वर्कफोर्स और कर्मचारी आंकड़े
जून 2026 तक Infosys के कुल कर्मचारियों की संख्या 3,28,062 थी। IT सर्विसेज में वॉलंटरी एट्रीशन (कर्मचारी का खुद नौकरी छोड़ना) पिछले क्वार्टर के 12.6% से बढ़कर 13% हो गया है। यह आंकड़ा कंपनी की प्रतिभा को बनाए रखने की क्षमता को समझने में निवेशकों की मदद करेगा।
आने वाली तिमाहियों में, कंपनी के डील पाइपलाइन का रेवेन्यू में तब्दील होने की रफ्तार पर सबकी नज़रें रहेंगी, खासकर घटे हुए ग्रोथ अनुमान के चलते। निवेशक यह देखेंगे कि क्या क्लाइंट्स के बजट की कमी में सुधार के संकेत दिख रहे हैं या यह स्थिति पूरे फाइनेंशियल ईयर में बनी रहेगी।
