IIT-Madras की चेतावनी: AI अपनाने की होड़ में साइबर सुरक्षा से समझौता कर रहीं भारतीय कंपनियां

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
IIT-Madras की चेतावनी: AI अपनाने की होड़ में साइबर सुरक्षा से समझौता कर रहीं भारतीय कंपनियां

IIT-Madras के विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि भारतीय कंपनियां AI को तेजी से लागू करने के चक्कर में डेटा सुरक्षा को नजरअंदाज कर रही हैं। इससे सिस्टम के कमजोर होने और ऑपरेशनल रिस्क बढ़ने का खतरा पैदा हो गया है। निवेशकों को इस बात पर नजर रखनी चाहिए कि कंपनियां सुरक्षा और इनोवेशन के बीच संतुलन कैसे बनाती हैं।

भारतीय कॉरपोरेट्स इस समय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को अपने ऑपरेशंस में शामिल करने की जल्दबाजी में हैं, जिससे साइबर सिक्योरिटी का बड़ा खतरा पैदा हो गया है। IIT-Madras के विशेषज्ञों के अनुसार, कंपनियां डिजिटल सुरक्षा के बुनियादी नियमों को दांव पर लगाकर AI टूल्स अपना रही हैं, जिससे कॉर्पोरेट सिस्टम्स पर साइबर हमलों का जोखिम बढ़ गया है।\n\n### टेस्टिंग के दौरान बरती जा रही लापरवाही\n\nWadhwani School of Data Science & AI के शोधकर्ताओं ने पाया है कि डेवलपमेंट टीमें टेस्टिंग को आसान बनाने के लिए स्टैंडर्ड सिक्योरिटी प्रोटोकॉल को अक्सर डिसेबल कर देती हैं। यह शॉर्टकट कंपनी के डेटा को असुरक्षित बनाता है। ऐसे दौर में जब सॉफ्टवेयर आउटेज एक बड़ी समस्या बनकर उभरे हैं, यह लापरवाही कॉर्पोरेट स्टेबिलिटी के लिए कमजोर कड़ी साबित हो रही है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि Chief Information Security Officers को AI के विस्तार से पहले अपने इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने पर ध्यान देना चाहिए।\n\n### रेगुलेटरी आउटलुक और बदलती प्राथमिकताएं\n\nभारत में रेगुलेटरी अप्रोच फिलहाल किसी एक कानून के बजाय अलग-अलग इंडस्ट्रीज पर केंद्रित है। IIT-Madras के डायरेक्टर V. Kamakoti ने चेतावनी दी है कि बहुत सख्त और व्यापक AI कानून इनोवेशन को नुकसान पहुंचा सकते हैं। इसलिए, बैंकिंग, एनर्जी और हेल्थकेयर सेक्टर के लिए अलग-अलग नीतियां फिलहाल ज्यादा प्रभावी दिख रही हैं।\n\nइसके अलावा, Centre for Responsible AI अब ऊर्जा-कुशल और स्थानीय डेटा सेंटर्स (localized data centers) की ओर रुख करने पर जोर दे रहा है। कम कंप्यूटिंग एनवायरनमेंट पर शिफ्ट होने से कंपनियां अपने ऑपरेशनल कॉस्ट को कम कर सकती हैं। भविष्य में कंपनियां अपना कैपिटल किस तरह आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर में लगाती हैं, यह काफी हद तक इस पर निर्भर करेगा।

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