Groww के मुनाफे में बंपर उछाल! Q1 में ₹735 करोड़ का नेट प्रॉफिट, रेवेन्यू में **66%** की बढ़ोतरी

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
Groww के मुनाफे में बंपर उछाल! Q1 में ₹735 करोड़ का नेट प्रॉफिट, रेवेन्यू में **66%** की बढ़ोतरी

Groww के निवेशकों के लिए अच्छी खबर है। कंपनी ने Q1FY27 के लिए **₹735 करोड़** का शानदार नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल की तुलना में लगभग दोगुना है। वहीं, रेवेन्यू **66%** बढ़कर **₹1,500 करोड़** पर पहुँच गया है। कंपनी इक्विटी डेरिवेटिव्स से आगे बढ़कर अपने बिजनेस को डायवर्सिफाई करने में सफल रही है।

Groww की शानदार कमाई का राज़

Billionbrains Garage Ventures, जो Groww के नाम से जानी जाती है, ने 2027 के फाइनेंशियल ईयर की पहली तिमाही (Q1FY27) में दमदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी ने ₹735 करोड़ का नेट प्रॉफिट कमाया है, जो पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले लगभग दोगुना है। इस दौरान कंपनी का रेवेन्यू 66% की बढ़त के साथ ₹1,500 करोड़ तक पहुँच गया। यह ग्रोथ कंपनी के डिस्काउंट ब्रोकरेज से आगे बढ़कर एक विस्तृत फाइनेंशियल सर्विसेज मॉडल की ओर बढ़ने के प्रयासों को दर्शाती है।

बिजनेस डायवर्सिफिकेशन और रेवेन्यू में बदलाव

Groww अब इक्विटी डेरिवेटिव्स पर अपनी निर्भरता कम कर रही है, जो पहले उसकी आय का मुख्य स्रोत था। हालांकि, डेरिवेटिव्स से अभी भी कुल रेवेन्यू का 52% आता है, जो पिछले साल 56% था। इस कमी को पूरा करने के लिए, कंपनी ने नए बिजनेस लाइन्स को तेजी से बढ़ाया है। मार्जिन ट्रेडिंग फैसिलिटी (Margin Trading Facility) से अब कुल रेवेन्यू का 8% आ रहा है, जो पिछले साल सिर्फ 3% था। इसके अलावा, कमोडिटी डेरिवेटिव्स (Commodity Derivatives) ने भी प्लेटफॉर्म पर अच्छा प्रदर्शन किया है और यह अब रेवेन्यू का लगभग 5% हिस्सा बन गया है।

कंपनी का कहना है कि यह डायवर्सिफिकेशन रणनीति प्रतिस्पर्धी दबावों और इक्विटी डेरिवेटिव्स में रिटेल भागीदारी को प्रभावित करने वाले रेगुलेटरी बदलावों का जवाब है। Q1 में बाजार की कम अस्थिरता के कारण मुख्य डेरिवेटिव्स बिजनेस के रेवेन्यू में 4% की गिरावट आई, लेकिन Groww ने इस सेगमेंट में अपनी कुल मार्केट हिस्सेदारी 7.2% से बढ़ाकर 11% कर ली है। वहीं, स्टॉक सेगमेंट से रेवेन्यू लगभग ₹250 करोड़ पर स्थिर रहा।

क्लाइंट बेस और एसेट्स में बढ़ोतरी

जहाँ भारतीय ब्रोकरेज इंडस्ट्री में एक्टिव यूजर्स की संख्या में गिरावट देखी गई, वहीं Groww ने अपने क्लाइंट बेस में बढ़ोतरी दर्ज की है। कंपनी ने नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर तिमाही के दौरान 1,15,000 नए एक्टिव क्लाइंट्स जोड़े, जिससे कुल ट्रांजैक्टिंग यूजर्स की संख्या 22 मिलियन हो गई। Groww डायरेक्ट म्यूचुअल फंड्स (Mutual Funds) की एक प्रमुख डिस्ट्रिब्यूटर बनी हुई है, जिसके पास ₹1.9 लाख करोड़ की एसेट्स हैं। Groww AMC के एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) में पिछले साल के मुकाबले 140% की वृद्धि हुई है, जो अब ₹5,491 करोड़ है।

वैल्यूएशन और आगे की रणनीति

इन मजबूत ग्रोथ मेट्रिक्स के बावजूद, कंपनी का वैल्यूएशन निवेशकों के लिए चर्चा का विषय बना हुआ है। पिछले एक साल में शेयर की कीमत 65% बढ़ी है, और यह वर्तमान में अनुमानित FY28 अर्निंग्स के लगभग 33 गुना पर ट्रेड कर रहा है। यह वैल्यूएशन दर्शाता है कि बाजार कंपनी के भविष्य के प्रदर्शन से काफी उम्मीदें रखता है। वेल्थ मैनेजमेंट आर्म, Fisdom, अभी भी शुरुआती दौर में है और इस तिमाही में इसने ₹11 करोड़ का ऑपरेटिंग लॉस दर्ज किया है। भविष्य में, निवेशक कंपनी की नई AI- पावर्ड एडवाइजरी सर्विस, Groww Prime, और State Street Global Advisors से संभावित स्ट्रेटेजिक इन्वेस्टमेंट को ग्रोथ के कैटालिस्ट के तौर पर देखेंगे।

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