डेटिंग प्लेटफॉर्म Grindr अब हेल्थकेयर और ट्रैवल सर्विसेज में कदम रख रहा है। कंपनी ने Q2 2026 में **$138 मिलियन** का दमदार रेवेन्यू दर्ज किया है, लेकिन भारी AI खर्च और वैल्यूएशन को लेकर निवेशक सतर्क हैं।
डेटिंग प्लेटफॉर्म Grindr अब एक बड़े बदलाव की राह पर है। कंपनी अब केवल डेटिंग तक सीमित नहीं रहकर एक 'एवरीथिंग ऐप' (everything app) बनने की तैयारी में है। CEO जॉर्ज एरिसन के अनुसार, कंपनी का लक्ष्य प्लेटफॉर्म को एक ऐसे डिजिटल स्पेस में बदलना है जहां हेल्थकेयर से लेकर ट्रैवल तक की सर्विसेज यूजर्स को एक ही जगह मिल सकें।
शानदार फाइनेंशियल ग्रोथ
कंपनी के लिए साल 2026 की दूसरी तिमाही (Q2 2026) काफी धमाकेदार रही। Grindr का रेवेन्यू साल-दर-साल 33% बढ़कर $138 मिलियन के स्तर पर पहुंच गया। इस परफॉर्मेंस के दम पर कंपनी ने पूरे साल के लिए अपना रेवेन्यू गाइडेंस बढ़ाकर लगभग $540 मिलियन और एडजस्टेड EBITDA $232 मिलियन कर दिया है। इसके अलावा, कंपनी ने $600 मिलियन का शेयर बायबैक प्रोग्राम पूरा किया है, जिससे कंपनी के कुल आउटस्टैंडिंग शेयर्स में करीब 19.4% की कमी आई है।
AI का तड़का और चुनौतियां
Grindr अपनी कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर भारी दांव लगा रही है। कंपनी के मुताबिक, उनके प्लेटफॉर्म का लगभग 80% कोड अब AI द्वारा लिखा जा रहा है, जो एक छोटी टीम के साथ भी बड़े ऑपरेशंस चलाने में मदद कर रहा है। इसी तकनीक के सहारे कंपनी अब अपना नया प्रीमियम सब्सक्रिप्शन 'EDGE' लॉन्च कर रही है।
हालांकि, निवेश के नजरिए से कुछ चिंताएं भी हैं। कंपनी के 'एवरीथिंग ऐप' बनने के प्लान में AI और प्रोडक्ट डेवलपमेंट पर होने वाला खर्च काफी ज्यादा है, जो भविष्य में मार्जिन पर दबाव डाल सकता है। इसके अलावा, डेटा प्राइवेसी के कड़े नियमों और कंपनी पर मौजूद कर्ज को लेकर भी निवेशकों की मिली-जुली राय है। अब देखना यह होगा कि क्या Grindr अपने यूजर्स को डेटिंग प्लेटफॉर्म से बाहर निकालकर लाइफस्टाइल सर्विसेज की ओर सफलतापूर्वक शिफ्ट कर पाता है या नहीं।
