Google DeepMind ने अपनी 'Polaris' टीम के लिए नई हायरिंग शुरू की है, जिसमें कंपनी ने डिग्री की अनिवार्यता खत्म कर दी है। इसके लिए कंपनी **$5.5 लाख से $11 लाख** तक का भारी-भरकम पैकेज ऑफर कर रही है, जो AI क्षेत्र में बढ़ती होड़ को दर्शाता है।
Google की AI रिसर्च यूनिट DeepMind ने अपनी खास 'Polaris' टीम के लिए भर्ती प्रक्रिया शुरू की है। यह टीम Gemini जैसे AI मॉडल्स को बेहतर बनाने और उनकी टेस्टिंग के लिए फ्रेमवर्क्स तैयार करती है। कंपनी ने रिसर्च इंजीनियर्स के लिए $5,50,000 से लेकर $11,00,000 तक का सालाना पैकेज रखा है।
डिग्री की अनिवार्यता खत्म, स्किल पर दांव
इस बार कंपनी ने डिग्री की शर्त को हटा दिया है। इसका सीधा मकसद उन बेहतरीन कोडिंग एक्सपर्ट्स तक पहुंचना है जिनके पास किताबी डिग्री तो नहीं, लेकिन एडवांस प्रैक्टिकल स्किल्स और प्रॉब्लम-सॉल्विंग क्षमता है। टेक सेक्टर में अब प्रोडक्ट डिलीवरी की स्पीड ही असली पैमाना बन गई है।
निवेशकों के लिए संकेत
मार्केट एनालिस्ट्स के लिए यह AI की दौड़ में बढ़ते कंपटीशन का एक बड़ा सबूत है। कंपनियां टैलेंट को रिटेन करने के लिए भारी प्रीमियम देने को मजबूर हैं, जिससे उनकी ऑपरेशनल कॉस्ट बढ़ सकती है। हालांकि, लंबी अवधि में यह निवेश कंपनी को मार्केट में आगे रखने में मदद करेगा, लेकिन निवेशकों को कंपनी के फाइनेंशियल डिस्क्लोजर्स पर नजर रखनी होगी कि इन महंगे हायरिंग का असर मार्जिन्स पर कितना पड़ रहा है।
