फ्रांस के वित्त मंत्री Roland Lescure ने AI के विकास को धीमा करने वाली सभी अपीलों को खारिज कर दिया है। उन्होंने यूरोप को ग्लोबल रेस में बने रहने के लिए इनोवेशन की गति बढ़ाने पर जोर दिया है। हालांकि, **0.5%** के अनुमानित आर्थिक विकास दर और कैपिटल की भारी कमी फ्रांस के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई है।
फ्रांस के वित्त मंत्री Roland Lescure ने साफ कर दिया है कि वे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की दौड़ में पीछे नहीं रहना चाहते। उन्होंने तर्क दिया है कि AI डेवलपमेंट में कोई भी देरी सिर्फ अमेरिका जैसे मार्केट लीडर्स को फायदा पहुंचाएगी। 'France Digitale' के एक कार्यक्रम में बोलते हुए उन्होंने यूरोप को अपनी खुद की लीडरशिप तैयार करने और रिस्क मैनेजमेंट को मजबूत करने की सलाह दी।
यूरोप की नई स्ट्रेटेजी
यह रुख यूरोपीय टेक्नोलॉजी पॉलिसी में एक बड़ा बदलाव है। यूरोपीय सेंट्रल बैंक की अध्यक्ष Christine Lagarde भी पहले यह कह चुकी हैं कि यूरोप को अमेरिका और चीन पर अपनी निर्भरता कम करने के लिए खुद का AI इंफ्रास्ट्रक्चर और डेटा सेंटर बनाने की सख्त जरूरत है।
आर्थिक चुनौतियां और निवेश का संकट
हालांकि, फ्रांस का इरादा बुलंद है, लेकिन राह आसान नहीं है। देश फिलहाल वित्तीय दबाव से जूझ रहा है और 2026 के लिए आर्थिक विकास का अनुमान घटाकर 0.5% कर दिया गया है। भारी सरकारी कर्ज के कारण बड़े पैमाने पर निवेश करना चुनौतीपूर्ण हो गया है।
निवेशकों के लिए सबसे बड़ी चिंता Mistral AI जैसे स्टार्टअप्स के लिए फंड की कमी है। अमेरिका के मुकाबले यूरोप में लेट-स्टेज कैपिटल का बड़ा गैप है, जिसके कारण कई कंपनियां फंडिंग के लिए अमेरिका का रुख कर रही हैं। अब देखना यह होगा कि क्या सरकार इस राजनीतिक संकल्प को टैक्स इंसेंटिव या सब्सिडी जैसी ठोस पॉलिसी में बदल पाती है या नहीं।
