The Walt Disney Company ने अपना पहला चीफ टेक्नोलॉजी ऑफिसर (CTO) नियुक्त कर लिया है। पूर्व Character.AI CEO, Karandeep Anand अब Disney के डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को मॉडर्न बनाने और जेनरेटिव AI को इंटीग्रेट करने की कमान संभालेंगे।
डिजिटल भविष्य की नई रणनीति
मनोरंजन की दिग्गज कंपनी Disney ने अपने काम करने के तरीके में एक बड़ा बदलाव करने का संकेत दिया है। Karandeep Anand को अपना पहला CTO बनाकर, कंपनी अब अपने ऑपरेशंस में जेनरेटिव आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को बड़े स्तर पर उतारने की तैयारी कर रही है।
Anand के पास Meta Platforms और Microsoft जैसी बड़ी कंपनियों में काम करने का लंबा अनुभव है। उनकी विशेषज्ञता का इस्तेमाल Disney के विशाल मीडिया लाइब्रेरी और पार्क्स बिजनेस के डिजिटल आधार को मजबूत करने में किया जाएगा। यह बदलाव कंपनी के नेतृत्व में 2025 की शुरुआत में हुए बदलावों का ही एक हिस्सा है।
कॉपीराइट और IP का बड़ा रिस्क
यह नियुक्ति एक दिलचस्प मोड़ पर आई है। आपको याद होगा कि सितंबर 2025 में Disney ने Karandeep Anand की पिछली कंपनी, Character.AI को एक 'सीज एंड डेसिस्ट' (Cease-and-Desist) लेटर भेजा था। विवाद यह था कि उस प्लेटफॉर्म पर Disney के कॉपीराइट कंटेंट का अनधिकृत इस्तेमाल हो रहा था।
अब निवेशकों के लिए सबसे बड़ा सवाल यह है कि कंपनी इस नई लीडरशिप के साथ अपनी बौद्धिक संपदा (Intellectual Property) की सुरक्षा कैसे करेगी? Disney का पूरा बिजनेस अपने मशहूर कैरेक्टर्स के कंट्रोल पर टिका है, ऐसे में एक ऐसे लीडर का आना, जिसकी पिछली कंपनी पर कॉपीराइट उल्लंघन के आरोप थे, निवेशकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है।
आगे क्या नजर रखें?
मार्केट की नजर अब इस बात पर है कि Disney AI टूल्स को अपने प्रोडक्शन वर्कफ़्लो में कैसे फिट करती है। क्या कंपनी अपनी कड़े IP स्टैंडर्ड्स को बरकरार रख पाएगी? आने वाले समय में कंपनी के टेक्नोलॉजी खर्च और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर की दक्षता पर आने वाली रिपोर्ट्स यह तय करेंगी कि यह बदलाव Disney के लिए कितना फायदेमंद साबित होता है।
