Dell Technologies ने भारत में अपना नया कमर्शियल AI PC पोर्टफोलियो लॉन्च किया है, जिससे कंपनियों का क्लाउड खर्च कम हो सकेगा। हालिया फाइनेंशियल नतीजों में कंपनी ने **$95 बिलियन** का रिकॉर्ड AI सर्वर बैक-ऑर्डर दर्ज किया है, हालांकि निवेशकों की नजर बढ़ती लागत और सप्लाई चेन की चुनौतियों पर भी बनी हुई है।
नई तकनीक और बाजार में स्थिति
मुंबई में आयोजित Dell Technologies Forum 2026 के दौरान कंपनी ने अपने नए Pro 3, 5, और 7 सीरीज के AI-रेडी PCs और Pro Precision वर्कस्टेशन पेश किए। इस कदम का मुख्य मकसद कंपनियों को 'ऑन-डिवाइस' AI की सुविधा देना है, ताकि वे महंगे पब्लिक क्लाउड सेवाओं पर अपनी निर्भरता कम कर सकें।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस का दम
कंपनी ने अपने फाइनेंशियल Q2 2027 के नतीजों में $46.97 बिलियन का रेवेन्यू दर्ज किया, जो पिछले साल के मुकाबले 58% अधिक है। इस तेजी की मुख्य वजह AI सर्वर की भारी डिमांड है, जिसकी वजह से कंपनी की ऑर्डर बुक में $95 बिलियन का रिकॉर्ड बैक-ऑर्डर जमा हो चुका है।
चुनौतियां और रणनीति
बढ़ती डिमांड के बावजूद, कंपनी चिप और अन्य कंपोनेंट्स की बढ़ती कीमतों से जूझ रही है, जो मार्जिन पर असर डाल रहे हैं। इसे संतुलित करने के लिए Dell 'हाइब्रिड AI' मॉडल पर जोर दे रही है। साथ ही, भारत में अपना आधार मजबूत करने के लिए कंपनी ने 'uDaan' पहल शुरू की है, जिसका लक्ष्य चेन्नई, बेंगलुरु और हैदराबाद जैसे शहरों में 23,000 युवाओं को ट्रेनिंग देना है।
निवेशकों के लिए क्या है खास?
Dell का शेयर फिलहाल अपने 52-हफ्तों के हाई $530.78 के करीब ट्रेड कर रहा है। बाजार की उम्मीदें काफी ऊंची हैं, लेकिन सप्लाई चेन की बाधाएं और करेंसी में उतार-चढ़ाव कंपनी के प्रॉफिट पर दबाव बना सकते हैं। निवेशकों को अब इस बात पर नजर रखनी होगी कि कंपनी अपने रिकॉर्ड ऑर्डर को कितनी जल्दी रेवेन्यू में बदल पाती है।
