Apple ने क्यूपर्टिनो इवेंट में iPhone 18 Pro सीरीज और अपनी पहली फोल्डेबल डिवाइस iPhone Duo को पेश किया है। नए CEO John Ternus के नेतृत्व में यह पहला बड़ा लॉन्च है, जहां निवेशक अब कंपनी की बढ़ती लागत और सप्लाई चेन चुनौतियों पर नजर गड़ाए हुए हैं।
Apple ने 9 सितंबर, 2026 को अपने 'Surprise and Shine' इवेंट में iPhone 18 Pro और iPhone 18 Pro Max को ग्लोबली पेश किया। यह इवेंट तकनीकी बदलावों से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह नए CEO John Ternus के कार्यकाल का पहला बड़ा प्रोडक्ट शोकेस है, जिन्होंने Tim Cook की जगह ली है। इसके अलावा, कंपनी ने अपना पहला फोल्डेबल स्मार्टफोन 'iPhone Duo' लॉन्च कर हाई-एंड मार्केट में नई जंग छेड़ दी है।
टेक्निकल और हार्डवेयर अपडेट
नए iPhone 18 Pro मॉडल में 2nm A20 Pro चिप का इस्तेमाल किया गया है, जो खास तौर पर AI-ड्रिवेन कार्यों के लिए बनी है। हीटिंग इश्यू को खत्म करने के लिए इसमें री-डिजाइन वेपर चैंबर जोड़ा गया है। कैमरे की बात करें तो इसमें 48-मेगापिक्सल का मेन सेंसर दिया गया है, जो लो-लाइट फोटोग्राफी में बेहतरीन काम करेगा। ये बदलाव कंपनी को प्रीमियम सेगमेंट में अपनी बादशाहत बनाए रखने में मदद करेंगे।
मार्केट का मिजाज और फाइनेंशियल रिस्क
इवेंट के दिन Apple (NASDAQ: AAPL) के शेयर में दबाव देखा गया और यह 0.79% की गिरावट के साथ $313.74 के आसपास कारोबार करता नजर आया। एक्सपर्ट्स का मानना है कि स्टॉक अपनी 'फेयर वैल्यू' से ऊपर ट्रेड कर रहा था, जिस कारण निवेशकों ने सावधानी बरती। इसके अलावा, अमेरिकी कर्ज और मौद्रिक नीतियों (Monetary Policies) का असर भी कंज्यूमर स्पेंडिंग पर पड़ने का डर बना हुआ है।
सप्लाई चेन और भविष्य की चुनौतियां
निवेशकों की चिंता का सबसे बड़ा कारण है प्रोडक्शन शेड्यूलिंग। मेमोरी चिप की संभावित किल्लत और नए फोल्डेबल टेक्नोलॉजी के कारण बढ़ती कंपोनेंट कॉस्ट कंपनी के मार्जिन पर असर डाल सकती है। अब 12 सितंबर, 2026 से शुरू होने वाली प्री-ऑर्डर प्रक्रिया यह तय करेगी कि बाजार इन नए मॉडल्स को लेकर कितना उत्साहित है।
