ऑस्ट्रेलियन स्टार्टअप Apate.ai ने **$8.15 मिलियन** की सीड फंडिंग जुटाई है। यह कंपनी अब अपने उस अनोखे AI प्लेटफॉर्म का विस्तार करेगी जो स्कैमर्स को खुद जाल में फंसाकर उनसे जानकारी निकालता है।
साइबर सिक्योरिटी की दुनिया में हलचल मचाते हुए, ऑस्ट्रेलियन फर्म Apate.ai ने $8.15 मिलियन की सीड फंडिंग हासिल की है। यह राउंड Lobby Capital और OIF Ventures के नेतृत्व में पूरा हुआ। साल 2024 में मैक्वेरी यूनिवर्सिटी की रिसर्च से निकली यह कंपनी अब तक कुल $10 मिलियन के करीब पूंजी जुटा चुकी है।\n\n### कैसे काम करता है यह 'AI जाल'?\n\nपुराने एंटी-फ्रॉड सिस्टम्स फ्रॉड होने के बाद हरकत में आते हैं, लेकिन Apate.ai का तरीका बिल्कुल उलट है। यह कंपनी हजारों 'AI एजेंट्स' तैनात करती है जो आम लोगों की तरह व्यवहार करते हैं। ये एजेंट्स स्कैमर्स को फोन कॉल, ईमेल और सोशल मीडिया के जरिए बातों में उलझाते हैं। इस लंबी बातचीत के दौरान स्कैमर्स से उनके क्रिप्टो वॉलेट एड्रेस और हानिकारक वेबसाइट्स की जानकारी निकलवा ली जाती है।\n\nइस डेटा का इस्तेमाल करके Commonwealth Bank of Australia और TPG Telecom जैसी बड़ी कंपनियां अपने सिस्टम को अपग्रेड कर रही हैं। बैंक ने तो यहां तक रिपोर्ट किया है कि इस तकनीक से उनके स्कैम लॉसेस में 76% की गिरावट आई है।\n\n### भविष्य की राह और चुनौतियां\n\nFBI की एक रिपोर्ट के अनुसार, साल 2025 में केवल AI-आधारित अपराधों से $893 मिलियन का नुकसान हुआ है, जो इस स्टार्टअप के लिए एक बड़ा अवसर है। हालांकि, कंपनी के सामने कानूनी पेचीदगियां भी हैं। अमेरिका और लंदन जैसे बाजारों में विस्तार करते समय इन्हें डेटा प्राइवेसी के कड़े नियमों का पालन करना होगा। साथ ही, स्कैमर्स भी अपनी AI तकनीक को अपग्रेड कर रहे हैं, जिससे इस 'हथियारों की दौड़' (Arms Race) में टिके रहना Apate.ai के लिए सबसे बड़ी चुनौती होगी।
