Amazon ने भारत में अपना जनरेटिव AI-पावर्ड Alexa+ लॉन्च कर दिया है। फिलहाल यह अर्ली एक्सेस में फ्री है, लेकिन भविष्य में प्राइम मेंबर्स के लिए यह मुफ्त होगा, जबकि अन्य यूजर्स को इसके लिए हर महीने **₹2,000** चुकाने होंगे।
Amazon ने भारत में अपने एडवांस्ड जनरेटिव AI-पावर्ड असिस्टेंट Alexa+ की शुरुआत कर दी है। यह नया वर्जन हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में उपलब्ध है और पहले से कहीं ज्यादा स्मार्ट है। यह न केवल जटिल टास्क को समझने में सक्षम है, बल्कि बातचीत के संदर्भ को भी याद रखता है, जिससे यूजर अनुभव अधिक नेचुरल हो जाता है।
लोकल सर्विस का मिलेगा तड़का
कंपनी ने Alexa+ को भारतीय बाजार के लिए कस्टमाइज किया है। इसमें Swiggy, Zomato District, MakeMyTrip और JioSaavn जैसे प्लेटफॉर्म्स को जोड़ा गया है। इसका सीधा मकसद है कि यूजर अपने डेली काम के लिए Amazon इकोसिस्टम से बाहर न जाए।
रेवेन्यू और प्राइम मेंबरशिप की रणनीति
Amazon की यह चाल उसके प्राइम सब्सक्रिप्शन को और वैल्यूएबल बनाने की है। अभी यह सेवा फ्री है, लेकिन भविष्य में प्राइम मेंबर्स के लिए यह बिना किसी अतिरिक्त खर्च के उपलब्ध रहेगी। हालांकि, प्राइम मेंबर न होने पर यूजर्स को हर महीने ₹2,000 का भारी शुल्क देना होगा।
बड़े निवेश के बाद रिटर्न का दबाव
Amazon ने जून 2026 में AI और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए $13 बिलियन का बड़ा निवेश किया था। इस नए प्रीमियम मॉडल के जरिए कंपनी अपने इसी भारी-भरकम निवेश से मुनाफा कमाने की कोशिश कर रही है। हालांकि, भारतीय बाजार की प्राइस-सेंसिटिव प्रकृति को देखते हुए, ₹2,000 का प्रीमियम चार्ज कंपनी के लिए बड़ी चुनौती साबित हो सकता है। यह देखना दिलचस्प होगा कि भारतीय यूजर्स इस नई AI सेवा को कितना अपनाते हैं और कंपनी कितनी तेजी से फ्री यूजर्स को प्राइम मेंबरशिप में बदल पाती है।
