AI इंफ्रास्ट्रक्चर की दौड़ में शामिल भारतीय शेयरों में शुक्रवार को भारी बिकवाली देखी गई। निवेशक अब डेटा सेंटर्स पर किए जा रहे बड़े पूंजीगत खर्च (Capex) और उसके बदले में कम रिटर्न को लेकर सतर्क हो गए हैं।
शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 को भारत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और डेटा सेंटर इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े शेयरों में तेज गिरावट दर्ज की गई। बाजार का मूड अब 'अंधी तेजी' से बदलकर 'वित्तीय अनुशासन' (Fiscal Discipline) की ओर शिफ्ट हो गया है। निवेशक अब उन कंपनियों को दंडित कर रहे हैं जो भारी कर्ज लेकर क्षमता तो बढ़ा रही हैं, लेकिन उनका रेवेन्यू जल्द बढ़ता नहीं दिख रहा है।
टेक शेयरों में मची खलबली
टेक्नोलॉजी सेक्टर पर इसका सबसे गहरा असर पड़ा है। Netweb Technologies के शेयरों में 5% से ज्यादा की गिरावट आई। वहीं, E2E Networks और ESDS Software Solution के शेयर 5% के लोअर सर्किट पर लॉक हो गए, जिससे साफ पता चलता है कि मौजूदा भाव पर खरीदारी करने वाले निवेशक गायब हैं।
पावर सेक्टर पर भी दिखा दबाव
डेटा सेंटर्स के लिए बिजली की भारी खपत को देखते हुए जिन पावर इक्विपमेंट कंपनियों को AI का बड़ा बेनिफिशियरी माना जा रहा था, वे भी अब दबाव में हैं। Hitachi Energy India, GE Vernova T&D India, और CG Power and Industrial Solutions जैसी कंपनियों के वैल्युएशन में 3% तक की कमी आई है।
अब निवेशकों की नजरें आने वाली तिमाही नतीजों (Quarterly Results) पर टिकी हैं। बाजार अब केवल भविष्य की संभावनाओं पर नहीं, बल्कि कंपनी की तत्काल वित्तीय स्थिरता और ऑर्डर बुक को मुनाफे में बदलने की क्षमता पर दांव लगा रहा है।
