Yatra Online Q3 Results: रेवेन्यू में 9% का उछाल, पर एक बार के खर्च से प्रॉफिट 17% गिरा

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AuthorAditya Rao|Published at:
Yatra Online Q3 Results: रेवेन्यू में 9% का उछाल, पर एक बार के खर्च से प्रॉफिट 17% गिरा
Overview

Yatra Online ने Q3 FY26 के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी का रेवेन्यू पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले **9%** बढ़कर **₹256.8 करोड़** हो गया। हालांकि, एक बार के खास खर्चों के चलते नेट प्रॉफिट **17%** घटकर **₹8.3 करोड़** पर आ गया।

Yatra Online Limited, जो भारत के ऑनलाइन ट्रैवल स्पेस में एक जाना-पहचाना नाम है, ने 12 फरवरी 2026 को अपने Q3 FY26 के वित्तीय नतीजे पेश किए। कंपनी ने अपने ऑपरेशंस से ₹256.8 करोड़ का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू दर्ज किया, जो कि पिछले साल की इसी तिमाही की तुलना में 9% की अच्छी ग्रोथ दिखाता है। यह टॉप-लाइन ग्रोथ कंपनी के मुख्य सेगमेंट्स में दमदार प्रदर्शन की वजह से आई।

हालांकि, बॉटम लाइन यानी नेट प्रॉफिट पर असर पड़ा। कंसोलिडेटेड प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) पिछले साल के मुकाबले 17% घटकर ₹8.3 करोड़ रहा। इस गिरावट की मुख्य वजह नए लेबर कोड्स के कारण आया ₹3.8 करोड़ का एक वन-टाइम चार्ज था, जिसने अल्पावधि में प्रॉफिटेबिलिटी को प्रभावित किया। इन सबके बावजूद, कंपनी की ऑपरेशनल एफिशिएंसी अच्छी रही, और कंसोलिडेटेड एडजेस्टेड EBITDA में 41% का शानदार इजाफा हुआ और यह ₹24.7 करोड़ पर पहुंच गया। एडजेस्टेड EBITDA और ग्रॉस मार्जिन का अनुपात भी सुधरकर 19.34% हो गया।

Q3 के नतीजों के साथ, Yatra ने FY26 के पहले नौ महीनों के लिए भी दमदार आंकड़े पेश किए। इस दौरान कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 43% बढ़कर ₹817.5 करोड़ पर पहुंच गया। कंसोलिडेटेड एडजेस्टेड EBITDA दोगुने से भी ज्यादा बढ़कर 81% की ग्रोथ के साथ ₹75.1 करोड़ रहा, जबकि EBITDA से ग्रॉस मार्जिन का अनुपात 20.35% रहा। नौ महीनों के लिए PAT में भी प्रभावशाली 81% की ईयर-ऑन-ईयर ग्रोथ देखी गई, जो ₹38.6 करोड़ रहा।

कंपनी के दोनों मुख्य सेगमेंट्स - एयर टिकटिंग और होटल्स एंड पैकेजेस - ने सकारात्मक योगदान दिया। एयर टिकटिंग में पैसेंजर वॉल्यूम में 14% की ईयर-ऑन-ईयर बढ़ोतरी और ग्रॉस बुकिंग्स में 22% का उछाल देखा गया, जिससे ग्रॉस मार्जिन 32% बढ़ा। वहीं, होटल्स सेगमेंट में रूम नाइट्स में 22% की ईयर-ऑन-ईयर ग्रोथ और ग्रॉस बुकिंग्स में 20% का इजाफा हुआ, जिसने ग्रॉस मार्जिन को 25% तक बढ़ाया।

कंपनी अपनी कॉर्पोरेट ट्रैवल (Corporate Travel) बिजनेस को बढ़ाने की रणनीति पर सक्रिय रूप से काम कर रही है। इसके लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल करके ट्रैवल प्रोक्योरमेंट को डिजिटाइज किया जा रहा है और कस्टमर एक्सपीरियंस को बेहतर बनाया जा रहा है। एक नया एक्सपेंस मैनेजमेंट सॉल्यूशन (Expense Management Solution) भी अच्छी शुरुआत कर रहा है, जिससे मैनेजमेंट को FY27 में ₹5-7 करोड़ तक के रेवेन्यू की उम्मीद है। इस सेगमेंट में ऑनलाइन एडॉप्शन पहले ही 70% से ऊपर है, जो इस डिजिटल पुश की सफलता को दर्शाता है। MICE (मीटिंग्स, इन्सेंटिव्स, कॉन्फ्रेंसेस, एंड एक्जीबिशन) सेगमेंट में दिसंबर में कुछ बुकिंग्स टल गई थीं, लेकिन Q4 में रिकवरी की उम्मीद है।

Yatra की बैलेंस शीट मजबूत बनी हुई है। 31 दिसंबर 2025 तक, कंपनी के पास ₹200.55 करोड़ की कैश और कैश इक्विवेलेंट्स (Cash and Cash Equivalents) थी। इसका ग्रॉस डेट (Gross Debt) ₹58.3 करोड़ था, जो मार्च 2025 के ₹54.6 करोड़ से थोड़ा अधिक है, जो समझदारी भरे डेट मैनेजमेंट को दर्शाता है। कंपनी को अगले फाइनेंशियल ईयर में डबल-डिजिट रिटर्न ऑन कैपिटल एम्प्लॉयड (ROCE) हासिल होने की उम्मीद है।

एक महत्वपूर्ण खबर यह भी है कि मिस्टर सिद्धार्थ गुप्ता अक्टूबर 2025 से कंपनी के नए सीईओ (CEO) के तौर पर पदभार संभालेंगे। यह लीडरशिप ट्रांजिशन कंपनी के लिए विकास की रणनीतियों को लागू करने में एक नया अध्याय खोलेगा।

मैनेजमेंट ने FY26 के लिए अपने गाइडेंस को ऊपर की ओर संशोधित किया है। अब रेवेन्यू लेस सर्विस कॉस्ट (RLSC) में 22% और एडजेस्टेड EBITDA में 37.5% ग्रोथ की उम्मीद है। एयर और होटल दोनों सेगमेंट्स में लगातार डिमांड के चलते, कंपनी को लंबे समय में ग्रॉस बुकिंग्स में शुरुआती बिस (early twenties) की ग्रोथ का अनुमान है।

हालांकि Q3 PAT पर वन-टाइम चार्ज का असर पड़ा, लेकिन कुल मिलाकर कंपनी का फाइनेंशियल ट्रैक रिकॉर्ड और रणनीतिक पहल एक मजबूत भविष्य की ओर इशारा करती हैं। कंपनी ने ट्रैवल डिसरप्शन्स जैसी ऑपरेशनल चुनौतियों से निपटने में लचीलापन दिखाया है और एफिशिएंसी तथा कस्टमर सैटिस्फैक्शन को बढ़ावा देने के लिए टेक्नोलॉजिकल एडवांसमेंट पर फोकस कर रही है। अर्निंग्स कॉल में किसी बड़े सिस्टमिक रिस्क या गवर्नेंस संबंधी चिंता का उल्लेख नहीं किया गया।

ऑनलाइन ट्रैवल मार्केट में Yatra के साथ-साथ MakeMyTrip और EaseMyTrip जैसे प्रतिस्पर्धी भी सक्रिय हैं। MakeMyTrip, जो एक बड़ी कंपनी है, लगातार प्लेटफॉर्म इनोवेशन और होटल्स व हॉलिडे पैकेजेस जैसे सर्विस ऑफरिंग्स के विस्तार पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। EaseMyTrip अक्सर कीमतों पर प्रतिस्पर्धा करता है और इसने भी टेक्नोलॉजी में निवेश किया है। Yatra का कॉर्पोरेट ट्रैवल और AI इंटीग्रेशन की ओर रणनीतिक झुकाव इसे एक मजबूत पहचान बनाने में मदद कर रहा है। हालांकि सभी कंपनियां भारत में बढ़ती ट्रैवल डिमांड का लाभ उठा रही हैं, Yatra के हालिया प्रदर्शन ने, PAT में अस्थायी कमी के बावजूद, ऑपरेशनल प्रॉफिटेबिलिटी, विशेषकर एडजेस्टेड EBITDA में, एक स्वस्थ रिकवरी दिखाई है।

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