AI से कमाई बढ़ाने की रणनीति
VerSe Innovation ने अपनी Monetization ग्रोथ को बढ़ाने के लिए AI-संचालित रणनीति अपनाई है। कंपनी का अनुमान है कि अगले 3 सालों में AI उसके कुल रेवेन्यू का 30% से अधिक हिस्सा होगा और प्रमुख कमाई का जरिया बन जाएगा। इस दिशा में कदम बढ़ाते हुए, VerSe ने NextVerse.ai लॉन्च किया है, जो AI-पावर्ड एड-टेक एक्सचेंज (Ad-tech exchange) है। साथ ही, कंटेंट क्रिएशन के लिए Spark AI प्लेटफॉर्म भी तैयार किया गया है।
वित्तीय प्रदर्शन और AI में निवेश
फाइनेंशियल ईयर 2025 (FY25) के लिए, VerSe Innovation ने ₹1,900 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया है। इसमें से ₹1,300 करोड़ मुख्य ऑपरेशंस से आए, जबकि ₹600 करोड़ अधिग्रहण (acquisitions) से प्राप्त हुए। कंपनी मासिक EBITDA पॉजिटिविटी (monthly EBITDA positivity) हासिल करने में भी कामयाब रही है, जो AI टेक्नोलॉजीज में उसके भारी निवेश का समर्थन करता है। VerSe Innovation का वैल्यूएशन अप्रैल 2022 में लगभग $5 बिलियन था और कंपनी ने अब तक $2 बिलियन से अधिक की फंडिंग जुटाई है।
बाजार के मौके और मुकाबला
VerSe Innovation भारत के तेजी से बढ़ते डिजिटल एडवरटाइजिंग मार्केट (Digital Advertising Market) में काम कर रही है, जिसके 2025 तक ₹62,045 करोड़ और 2030 तक $22 बिलियन तक पहुंचने का अनुमान है। VerSe के शॉर्ट-वीडियो ऐप, Josh, का मुकाबला Moj और ShareChat जैसे स्थापित नामों से है। वहीं, इसका एड-टेक डिवीजन, NextVerse.ai, एक ऐसे बाजार में प्रवेश कर रहा है जहां AI और प्रोग्रामेटिक बाइंग (programmatic buying) का दबदबा बढ़ रहा है। AI कंटेंट क्रिएशन सेक्टर भी काफी प्रतिस्पर्धी हो गया है।
जोखिम और गवर्नेंस
AI पर यह महत्वाकांक्षी रणनीति महत्वपूर्ण एग्जीक्यूशन रिस्क (execution risks) के साथ आती है। AI-संचालित कंटेंट और एड-टेक में कॉम्पिटिशन बहुत ज्यादा है, और यह देखना बाकी है कि VerSe के नए AI वेंचर्स कितना सफल हो पाते हैं। एक चिंता यह भी है कि AI में तेजी से निवेश कहीं कंपनी के स्थापित और प्रॉफिटेबल बिजनेस जैसे Dailyhunt से ध्यान न भटका दे। गवर्नेंस के मोर्चे पर, VerSe ने मार्च 2026 में P.R. रमेश, जो पूर्व में Deloitte India के चेयरमैन रह चुके हैं, को इंडिपेंडेंट डायरेक्टर (independent director) और ऑडिट कमेटी चेयर (Audit Committee Chair) नियुक्त किया है। यह नियुक्ति महत्वपूर्ण है क्योंकि कंपनी के पिछले ऑडिटर ने FY24 के लिए इंटरनल कंट्रोल्स (internal controls) में महत्वपूर्ण कमजोरियों को उजागर किया था।
