इंसानों और AI का साथ: नई प्रोडक्टिविटी का मंत्र
ServiceNow की AI स्ट्रैटेजी केवल ऑटोमेशन (Automation) पर नहीं, बल्कि इंसानों और AI के साथ मिलकर काम करने पर जोर देती है। कंपनी की CIO (Chief Information Officer), Kellie Romack ने बताया कि IT हेल्प डेस्क के 85% कर्मचारियों को AI ऑपरेशंस, एनालिटिक्स और सिक्योरिटी जैसे नए रोल्स में भेजा गया है। यह बदलाव इंसानों और AI के तालमेल (Human-AI Collaboration) का एक बेहतरीन उदाहरण है। इस कदम से कंपनी की प्रोडक्टिविटी में करीब $500 मिलियन (लगभग ₹4,100 करोड़) का इजाफा हुआ है, जिसमें अकेले ServiceNow के अपने सॉफ्टवेयर से $380 मिलियन (लगभग ₹3,100 करोड़) की बचत हुई है।
टेक इंडस्ट्री से अलग ServiceNow का तरीका
यह तरीका टेक इंडस्ट्री की कई दूसरी कंपनियों से बिल्कुल अलग है। उदाहरण के लिए, Salesforce ने बड़े पैमाने पर कस्टमर सपोर्ट स्टाफ की छंटनी (Layoff) की थी, जिसे बाद में उन्हें फिर से रखना पड़ा। इससे पता चलता है कि AI की इंसानी नौकरियों को बदलने की क्षमता को लेकर जल्दबाजी करना खतरनाक हो सकता है। Microsoft और Oracle जैसी कंपनियां भी कर्मचारियों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए AI को अपने वर्कफ्लो (Workflow) में शामिल कर रही हैं। ServiceNow का यह इंटरनल सक्सेस (Internal Success) अपने AI प्रोडक्ट्स के लिए उनके इस अनोखे तरीके को साबित करता है।
शेयर की वैल्यूएशन और आगे का रास्ता
हालांकि, ServiceNow की कहानी में स्टॉक मार्केट का पहलू भी महत्वपूर्ण है। कंपनी का P/E रेशियो (Price-to-Earnings Ratio) 53-54 के आसपास है, जो Microsoft (25.6) और IBM (20.2) जैसे दिग्गजों से काफी ज्यादा है। इसका मतलब है कि निवेशक कंपनी से भविष्य में जबरदस्त ग्रोथ की उम्मीद कर रहे हैं। इसके बावजूद, पिछले एक साल में ServiceNow के शेयर में 50% से ज्यादा की गिरावट आई है।
एनालिस्ट्स (Analysts) की राय मिली-जुली है। ज्यादातर एनालिस्ट्स इसे 'Buy' या 'Strong Buy' रेटिंग दे रहे हैं, लेकिन टारगेट प्राइस (Target Price) में काफी अंतर है। Keybanc ने इसका टारगेट प्राइस $85 तक रखा है। यह बड़ा अंतर बाजार में अनिश्चितता का संकेत देता है।
कंपनी की वैल्यूएशन (Valuation) को लेकर भी चिंताएं हैं, क्योंकि P/E रेशियो बहुत ज्यादा है, जिसका अर्थ है कि भविष्य की ग्रोथ की उम्मीदें पहले से ही कीमत में शामिल हैं। एनालिस्ट्स के बीच टारगेट प्राइस को लेकर भी मतभेद है। कुछ एनालिस्ट्स शेयर-आधारित पे (Share-based pay) और सेल्स-मार्केटिंग पर ज्यादा निर्भरता को लेकर भी चिंतित हैं।
ServiceNow जहां इंसानों और AI के तालमेल पर जोर दे रही है, वहीं कई कंपनियां AI अपनाने के साथ-साथ स्टाफ कम कर रही हैं। Salesforce का अनुभव दिखाता है कि AI से नौकरियों को तुरंत बदलने की क्षमता को बढ़ा-चढ़ा कर पेश करना सही नहीं है। अपनी वर्क प्रोसेस को AI के साथ फिर से परिभाषित करके ServiceNow आगे बढ़ने के लिए तैयार दिख रही है। AI-संचालित एफिशिएंसी (Efficiency) और वर्कफ्लो ऑटोमेशन (Workflow Automation) की मांग बढ़ रही है, जो ServiceNow के लिए फायदेमंद साबित हो सकती है।
