RailTel के हाथ लगा बड़ा प्रोजेक्ट
सरकारी कंपनी RailTel Corporation of India ने Eastern Coalfields Limited के साथ ₹145.47 करोड़ का एक बड़ा कॉन्ट्रैक्ट अपने नाम किया है। इस डील में MPLS-VPN, इंटरनेट लीज्ड लाइन्स, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और मैनेज्ड बैंडविड्थ जैसी जरूरी डिजिटल सर्विसेज शामिल हैं। इस प्रोजेक्ट का काम 2 मई 2031 तक पूरा किया जाना है, जो पब्लिक सेक्टर में लंबी अवधि के बड़े डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की बढ़ती मांग को दिखाता है।
यह बड़ा ऑर्डर Eastern Coalfields से RailTel की उस रणनीति के अनुरूप है, जिसमें कंपनी मल्टी-ईयर प्रोजेक्ट्स जीतकर अपनी सर्विसेज को सरकारी ऑपरेशंस में एकीकृत कर रही है। इस प्रोजेक्ट की लंबी अवधि कंपनी की निरंतर सपोर्ट और इंटीग्रेशन पर फोकस को दर्शाती है। यह जीत हाल ही में Rail Vikas Nigam Limited से मिले ₹255.27 करोड़ के एक और बड़े ऑर्डर के बाद आई है, जिसने सरकारी और पब्लिक सेक्टर एंटिटीज के लिए IT सॉल्यूशंस प्रदान करने में RailTel की भूमिका को और मजबूत किया है।
RailTel के स्टॉक में भी सकारात्मक प्रतिक्रिया देखने को मिली। 27 अप्रैल को यह ₹323.95 पर बंद हुआ, जो दिन के लिए 2.53% की बढ़ोतरी दर्शाता है। हालिया ऑर्डर जीत के बीच यह उछाल निवेशकों के भरोसे को दिखाता है। कंपनी का TTM P/E रेश्यो लगभग 31.88 से 33.80 के बीच है। यह वैल्यूएशन Bharti Airtel (P/E ~36.09) और Tata Communications (P/E ~39.40) जैसे अपने साथियों की तुलना में प्रतिस्पर्धी है। हालांकि, Power Grid Corporation of India (P/E ~19.1) जैसी इंफ्रास्ट्रक्चर फर्मों की तुलना में RailTel प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है, जो इसके डिजिटल सर्विसेज ग्रोथ के लिए मार्केट की उम्मीदों को दर्शाता है। RailTel का मार्केट कैपिटलाइजेशन अप्रैल 2026 के अंत में ₹10,138.44 करोड़ से ₹10,504.31 करोड़ के बीच अनुमानित था।
बड़े कॉन्ट्रैक्ट हासिल करने के बावजूद, RailTel को चुनौतियों का सामना भी करना पड़ा है। कंपनी को पहले भी कॉन्ट्रैक्ट रद्द होने का अनुभव हुआ है, जिसमें Navodaya Vidyalaya Samiti से ₹17.12 करोड़ और Bihar Education Project Council से ₹257.50 करोड़ के ऑर्डर शामिल थे। RailTel को जनवरी 2026 में ₹49.24 लाख का GST पेनाल्टी नोटिस भी मिला था, जिस पर कंपनी ने कहा था कि इसका कोई खास असर नहीं पड़ेगा और वह इसे चुनौती देगी। हालिया एनालिस्ट सेंटीमेंट सतर्क दिख रहा है, जिसमें दो एनालिस्टों ने स्टॉक को 'Strong Sell' रेट किया है और 12 महीने का औसत प्राइस टारगेट ₹257.50 रखा है, जो 18% से अधिक की संभावित गिरावट का संकेत देता है। यह स्टॉक के हालिया प्रदर्शन और ऑर्डर बुक ग्रोथ के मुकाबले लॉन्ग-टर्म प्रॉफिटेबिलिटी को लेकर मार्केट की चिंताओं को उजागर करता है।
आगे देखते हुए, मैनेजमेंट 25% रेवेन्यू ग्रोथ का अनुमान लगा रहा है और 11-12% EBIT मार्जिन की उम्मीद कर रहा है। RailTel नोएडा में एक नया 10MW डेटा सेंटर भी विकसित कर रहा है। डिजिटल इंडिया पहलों और बढ़ती डिजिटल इकॉनमी पर कंपनी का फोकस इसके विकास के लिए एक सहायक माहौल प्रदान करता है। निवेशक 1 मई 2026 को आने वाले अर्निंग्स अनाउंसमेंट का बेसब्री से इंतजार करेंगे, ताकि इसके वित्तीय रुझानों में और जानकारी मिल सके।
