Nvidia की AI पर बड़ी बेट
Nvidia खुद क्वांटम हार्डवेयर बनाने के बजाय, AI विशेषज्ञता का इस्तेमाल करके क्वांटम सिस्टम के विकास में मदद कर रहा है। कंपनी के पास AI चिप मार्केट का लगभग 90% हिस्सा है, और अब वह क्वांटम कंप्यूटिंग सेक्टर के लिए एक महत्वपूर्ण AI इनेबलर (AI Enabler) बनना चाहती है। इन Ising मॉडल्स को क्वांटम टेक्नोलॉजी को अपनाने की प्रक्रिया को तेज़ करने के लिए डिज़ाइन किया गया है, क्योंकि ये मौजूदा तरीकों की तुलना में तेज़ प्रोसेसिंग और ज़्यादा एक्यूरेसी (Accuracy) प्रदान करते हैं।
Ising मॉडल्स क्या करेंगे?
Ising परिवार के ये AI टूल्स क्वांटम प्रोसेसर की कैलिब्रेशन प्रक्रिया को ऑटोमेट (Automate) करते हैं, जो अक्सर दिनों ले सकती है, उसे घंटों में पूरा कर सकते हैं। इसके अलावा, Ising Decoding न्यूरल नेटवर्क मॉडल्स (Neural Network Models) का उपयोग करके रियल-टाइम एरर करेक्शन करता है, जो क्वांटम सिस्टम्स के लिए बेहद ज़रूरी है। Nvidia के मुताबिक, ये मॉडल pyMatching जैसे मौजूदा ओपन-सोर्स तरीकों की तुलना में 2.5 गुना तेज़ डीकोडिंग और 3 गुना ज़्यादा एक्यूरेसी देते हैं।
कॉम्पिटिशन में Nvidia
Nvidia की यह AI-केंद्रित रणनीति उसके बड़े प्रतिद्वंद्वियों से अलग है। IBM सॉफ्टवेयर टूल्स और AI-असिस्टेड सर्किट पर ध्यान केंद्रित कर रहा है, जबकि Google अपने एरर-करेक्टेड क्वांटम सिस्टम्स बना रहा है। Microsoft Azure Quantum के ज़रिए सॉफ्टवेयर और क्लाउड इंटीग्रेशन पर ज़ोर दे रहा है। IonQ ट्रैप्ड-आयन (Trapped-ion) तकनीक पर काम कर रहा है और Nvidia के CUDA-Q प्लेटफॉर्म के साथ जुड़ता है। Nvidia का लक्ष्य इन सभी क्वांटम प्लेटफॉर्म्स के लिए एक ज़रूरी AI और सॉफ्टवेयर लेयर प्रदान करना है।
क्वांटम मार्केट में तेज़ी
क्वांटम कंप्यूटिंग मार्केट तेज़ी से बढ़ रहा है। अनुमान है कि यह $2.01 बिलियन (2025) से बढ़कर $40.45 बिलियन (2035) तक पहुंच जाएगा, जिसमें 36.0% की कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) देखी जाएगी। Nvidia, जिसकी मार्केट कैपिटलाइज़ेशन (Market Capitalization) लगभग $4.6 ट्रिलियन है, इस बढ़ते बाज़ार में एक मज़बूत स्थिति में है। कंपनी के शेयर ने IPO के बाद से लगभग 460,500% की ज़बरदस्त रिटर्न दी है, और पिछले एक साल में 70% का उछाल देखा गया है।