52-Week Low से तूफानी वापसी का कारण
17 फरवरी 2026 को Newgen Software Technologies के शेयर ने निवेशकों को बड़ी राहत दी। स्टॉक में 12.9% का जोरदार उछाल आया, जो पिछले साल 5 अगस्त के बाद सबसे बड़ी एक-दिवसीय बढ़त थी। यह तेजी उस समय आई जब शेयर अपने 52-Week Low स्तर, जो कि लगभग ₹460.25 था, से वापस पलटा। ट्रेडिंग वॉल्यूम भी पिछले दस दिनों के औसत से आठ गुना ज्यादा रहा, जिससे यह संकेत मिलता है कि यह शायद एक ओवरसोल्ड स्टॉक में टेक्निकल रिकवरी या शॉर्ट-कवरिंग का नतीजा हो सकता है।
यह तेजी कंपनी के हालिया तिमाही नतीजों से बिलकुल विपरीत थी। Q3 FY26 में, Newgen Software का नेट प्रॉफिट पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 29.42% घटकर ₹62.82 करोड़ रह गया। हालांकि, कंपनी का रेवेन्यू 5.03% बढ़कर ₹400.28 करोड़ हो गया था। प्रॉफिट में यह गिरावट मुख्य रूप से नए लेबर कोड से जुड़े ₹35 करोड़ के एक बार के चार्ज (one-time charge) के कारण बढ़ी। इससे पहले 20 जनवरी 2026 को, खराब नतीजों के चलते शेयर 26 महीने के निचले स्तर ₹645.25 के आसपास आ गया था।
एनालिस्ट्स का भरोसा और वैल्यूएशन
बाजार में ₹6,600 करोड़ के करीब मार्केट कैप वाली Newgen Software को लेकर विश्लेषकों का भरोसा अभी भी बना हुआ है। 16 फरवरी 2026 तक, कंपनी का TTM (Trailing Twelve Months) P/E Ratio करीब 21.76x था। यह वैल्यूएशन, इंडस्ट्री के कुछ बड़े नामों जैसे TCS (19.2x) और Infosys (20.74x) की तुलना में बहुत ज्यादा महंगा नहीं माना जा रहा है।
कुल मिलाकर नौ एनालिस्ट्स में से छह इस स्टॉक को 'Buy' रेटिंग दे रहे हैं। कंसेंसस टारगेट प्राइस ₹834.29 से ₹845.00 तक है, जो मौजूदा स्तरों से 60-80% तक का बड़ा अपसाइड दिखा रहा है। ब्रोकरेज फर्म Jefferies ने 21 जनवरी 2026 को स्टॉक को 'Underperform' से 'Buy' पर अपग्रेड किया था और ₹760 का टारगेट दिया था, जो उस दिन के क्लोजिंग प्राइस से करीब 21% ऊपर था।
IT सेक्टर पर AI का साया और Newgen की चुनौती
हालांकि Newgen Software के लिए एनालिस्ट्स उत्साहित हैं, लेकिन पूरे भारतीय IT सेक्टर के लिए यह समय AI (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) से जुड़ी चिंताओं से भरा है। AI के कारण सर्विसेज ऑटोमेट होने और मार्जिन पर दबाव आने की आशंकाओं से बड़े IT स्टॉक्स में भी गिरावट देखी जा रही है। ऐसे में Newgen का फ्यूचर ग्रोथ और AI को लेकर उसकी रणनीति निवेशकों के लिए एक अहम सवाल बनी हुई है।
मार्जिन पर दबाव और नतीजों की अस्थिरता
इस तेज उछाल के बावजूद, Newgen Software की प्रॉफिटेबिलिटी और बिजनेस मॉडल की स्थिरता को लेकर सवाल बने हुए हैं। Q3 FY26 के नतीजे बताते हैं कि एक बार के चार्ज को एडजस्ट करने के बाद भी, कंपनी के मार्जिन पर दबाव था और नेट प्रॉफिट में साल-दर-साल और तिमाही-दर-तिमाही गिरावट आई। कंपनी के प्रॉफिट में पहले भी बड़े उतार-चढ़ाव देखने को मिले हैं। रेवेन्यू ग्रोथ भी 5.03% YoY के साथ मामूली रही।
यह शेयर अपने 52-Week High (लगभग ₹1,377) से अभी भी 60% से ज्यादा नीचे है, जो दिखाता है कि हालिया तेजी गहराई से गिरे हुए स्टॉक की रिकवरी है, न कि पिछली ऊंचाई से मजबूत अपट्रेंड। भारतीय IT सेक्टर AI के कारण वैल्यूएशन रीसेट का सामना कर रहा है। Newgen की क्षमता, इस बदलते माहौल में टिके रहने और एनालिस्ट्स के ऊंचे टारगेट प्राइस को हकीकत में बदलने की, महत्वपूर्ण होगी।
आगे क्या?
एनालिस्ट्स Newgen Software पर बुलिश बने हुए हैं, और उनका औसत 12 महीने का प्राइस टारगेट महत्वपूर्ण अपसाइड का संकेत देता है। Jefferies की FY26-28 के लिए 15% EPS CAGR की फोरकास्ट भविष्य में कमाई में सुधार की उम्मीद दिखाती है। हालांकि, AI को लेकर IT सेक्टर का भविष्य Newgen के रास्ते को भी प्रभावित करेगा। अगर कंपनियाँ AI को मजबूती से इंटीग्रेट कर पाती हैं, तो उन्हें बेहतर वैल्यूएशन मिल सकता है।