आने वाले हफ्तों में Myntra की CEO, Nandita Sinha, कंपनी से विदा ले लेंगी। यह बड़ा फेरबदल ऐसे समय में हो रहा है जब पैरेंट कंपनी Flipkart 2026 के आखिर या 2027 की शुरुआत में अपना संभावित इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) लाने की तैयारी कर रही है। Flipkart पहले ही डोमेस्टिक लिस्टिंग की तैयारी के तौर पर अपना कॉरपोरेट बेस भारत वापस ले आई है। $70 बिलियन तक के वैल्यूएशन का लक्ष्य रखते हुए, कंपनी इस प्रक्रिया के लिए इन्वेस्टमेंट बैंक्स को हायर करने की भी खबरें हैं।
Myntra, जो Flipkart का एक प्रॉफिटेबल हिस्सा है, भारतीय फैशन ई-कॉमर्स मार्केट में करीब 30-35% की हिस्सेदारी रखती है। यह Ajio (Reliance Retail), Nykaa और Meesho जैसे अपने प्रतिद्वंद्वियों से आगे है। हालांकि, Myntra को तगड़ी कॉम्पिटिशन और बढ़ते ऑपरेशनल खर्चों का सामना करना पड़ रहा है। Reliance Retail के Ajio ने 2025 के लिए $3.279 बिलियन का रेवेन्यू दर्ज किया है, जबकि Nykaa के फैशन GMV में Q2 FY2026 में 37% की ग्रोथ देखी गई। FY2023 में Myntra ने ₹782.4 करोड़ का नेट लॉस दर्ज किया था, जिससे बढ़ते खर्चों को झेलना और मुश्किल हो गया है।
Nandita Sinha के अलावा, Flipkart के CFO Sriram Venkataraman ने भी कंपनी छोड़ दी है। पब्लिक डेब्यू से पहले फाइनेंस और ऑपरेशंस को मजबूत करने के लिए इंटरिम लीडरशिप और सीनियर अपॉइंटमेंट्स की जा रही हैं। यह नेतृत्व परिवर्तन Flipkart के बड़े मार्केट डेब्यू से पहले स्ट्रेटेजिक शिफ्ट का संकेत देता है।
भारत का ई-कॉमर्स मार्केट 2026 तक $225.9 बिलियन तक पहुंचने की उम्मीद है, जिसमें ऑनलाइन फैशन सेक्टर एक प्रमुख ड्राइवर है। Myntra की CEO का जाना और नेतृत्व में अन्य बदलाव, Flipkart के IPO प्लान की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माने जा रहे हैं, जिससे निवेशकों का भरोसा मजबूत करने की कोशिश की जा रही है।