IT सेक्टर में डिविडेंड का दौर
LTM के इस ऐलान के साथ ही भारतीय IT सेक्टर में शेयरधारकों को डिविडेंड देने का चलन तेज़ हो गया है। हालाँकि ₹53 का डिविडेंड LTM के लिए ऐतिहासिक रूप से सबसे बड़ा है, लेकिन अन्य बड़ी IT कंपनियों ने भी FY26 के लिए बड़ी रकम घोषित की है। Oracle Financial Services Software (OFSS) ने ₹270 प्रति शेयर, और Mphasis ने ₹62 प्रति शेयर की सिफारिश की है। Tech Mahindra ने भी अपने FY26 के कुल ₹51 डिविडेंड को अपना अब तक का सबसे बड़ा डिविडेंड बताया है।
LTM के डिविडेंड भुगतान और निवेशकों की हिस्सेदारी
FY26 के लिए प्रस्तावित ₹53 का फाइनल डिविडेंड पिछले सालों की तुलना में काफी ज़्यादा है। FY25 में, LTM ने ₹45 का फाइनल डिविडेंड और ₹20 का अंतरिम डिविडेंड बांटा था। FY26 के लिए पहले ही घोषित ₹22 के अंतरिम डिविडेंड के साथ, इस फाइनेंशियल ईयर का कुल भुगतान अब प्रति शेयर ₹75 तक पहुँच गया है।
शेयरधारिता की बात करें तो, 31 मार्च 2026 तक फॉरेन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (FIIs) ने अपनी हिस्सेदारी बढ़ाकर 6.63% कर ली है, जो निवेशकों के बढ़ते विश्वास का संकेत देता है। Larsen & Toubro (L&T) 68.52% हिस्सेदारी के साथ सबसे बड़ी शेयरधारक बनी हुई है, जबकि Life Insurance Corporation of India (LIC) के पास 9.80% हिस्सेदारी है। कंपनी की एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) 1 जून, 2026 को निर्धारित है, और डिविडेंड का भुगतान 10 जून, 2026 तक होने की उम्मीद है।
