मिले-जुले नतीजे और AI का असर
Infosys की चौथी तिमाही (4QFY26) के नतीजे मिले-जुले रहे। कंपनी का रेवेन्यू 1.2% घटकर $5 बिलियन रहा, जो बाजार की उम्मीदों से कम था। एडजस्टेड EBIT मार्जिन भी 21% पर रहा, जो अनुमानित 21.2% से थोड़ा कम है। हालांकि, लागत प्रबंधन (cost management) पर कंपनी के फोकस के कारण, उसका एडजस्टेड प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹88 बिलियन रहा, जो अनुमानित ₹73 बिलियन से काफी बेहतर था। पूरे फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए, कंपनी को $15 बिलियन के बड़े डील बुकिंग मिले, जिनमें 55% नए बिजनेस से थे। यह पिछले साल के मुकाबले बेहतर है, लेकिन चौथी तिमाही में डील बुकिंग 33.3% घटकर $3.2 बिलियन पर आ गई।
FY27 के लिए चिंताजनक आउटलुक
निवेशकों की मुख्य चिंता FY27 के लिए कंपनी का 1.5%-3.5% (कांस्टेंट करेंसी में) का रेवेन्यू ग्रोथ का अनुमान है। यह कई विश्लेषकों की उम्मीदों से कम है और यह दर्शाता है कि AI का प्रभाव IT सेवाओं पर साफ दिख रहा है। इसे 'AI डिफ्लेशन' कहा जा रहा है, जहां AI से मिलने वाली दक्षता (efficiency) से प्रोजेक्ट्स से होने वाली कमाई कम हो सकती है। इसी वजह से Infosys के शेयर में 24 अप्रैल 2026 को लगभग 7% की बड़ी गिरावट आई और यह ₹1,154.60 के स्तर पर पहुंच गया, जो पिछले तीन सालों का निचला स्तर है। यह साल-दर-साल करीब 21.5% की गिरावट दर्शाता है।
सेक्टर में दबाव और विश्लेषकों की राय
Infosys अकेली कंपनी नहीं है जो ऐसे दबाव का सामना कर रही है। प्रतिस्पर्धी जैसे HCL Technologies ने भी धीमी ग्रोथ का अनुमान दिया है, जबकि Wipro अगले क्वार्टर में रेवेन्यू में स्थिरता या गिरावट की उम्मीद कर रहा है। TCS ने भी पिछले 20 सालों में पहली बार सालाना रेवेन्यू में गिरावट दर्ज की है। Infosys का FY26 रेवेन्यू 3.1% (कांस्टेंट करेंसी में) बढ़ा, जो TCS से बेहतर है, लेकिन बाजार की प्रतिक्रिया बता रही है कि ग्रोथ बनाए रखने की चुनौती बड़ी है। कंपनी के वैल्यूएशन (P/E ratio 15.9-19.5x TTM) अभी भी साथियों के बीच में हैं। इन सब के चलते, ज्यादातर विश्लेषकों ने शेयर पर 'होल्ड' रेटिंग बरकरार रखी है, क्योंकि निकट भविष्य में ज्यादा तेजी की गुंजाइश कम दिख रही है।
आगे क्या: AI पर फोकस और मार्जिन की चिंता
Infosys AI-आधारित परिवर्तन (transformation) और लागत प्रबंधन पर ध्यान केंद्रित कर रही है, जिससे मीडियम टर्म में धीरे-धीरे सुधार की उम्मीद है। कंपनी ने FY27 के लिए अपना एडजस्टेड EBIT मार्जिन गाइडेंस 20-22% पर बनाए रखा है, जो लाभप्रदता (profitability) के प्रति प्रतिबद्धता दिखाता है। इसके अलावा, कंपनी ने ₹25 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड भी घोषित किया है, जो शेयरधारकों के लिए अच्छी खबर है। हालांकि, धीमी ग्रोथ गाइडेंस के कारण बाजार ने निराशा दिखाई है, लेकिन AI सेवाओं और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन से लंबा ग्रोथ आउटलुक मजबूत बना हुआ है।
