टॉप-लाइन में जोरदार तेजी
Firstsource Solutions ने Q3 FY2026 में अपने टॉप-लाइन (Top-line) पर मजबूत पकड़ बनाए रखी है। कंपनी का कंसोलिडेटेड रिवेन्यू ₹24,431 मिलियन दर्ज किया गया, जो पिछले साल की इसी तिमाही की तुलना में 16.2% ज्यादा है। यह तेजी पूरे नौ महीनों में भी जारी रही, जहां रिवेन्यू 19.8% बढ़कर ₹69,729 मिलियन तक पहुंच गया। कंपनी के Earnings Before Interest and Taxes (EBIT) में भी शानदार 24.9% का इजाफा हुआ और यह ₹2,915 मिलियन रहा, जिसके साथ मार्जिन 11.9% पर बना रहा। नौ महीनों के लिए EBIT में 26.5% की वृद्धि देखी गई और यह ₹8,078 मिलियन रहा, जिसमें 11.6% का मार्जिन शामिल है।
प्रॉफिट में आई गिरावट की वजह
Q3 FY2026 में कंपनी का Profit After Tax (PAT) ₹1,203.29 मिलियन रहा, जो पिछले साल की ₹1,603.05 मिलियन की तुलना में कम है। इस गिरावट की मुख्य वजह कुछ खास खर्चे (Exceptional Items) रहे। इनमें नए लेबर कोड्स (Labour Codes) से जुड़े ₹1 बिलियन से ज्यादा के खर्चे और पिछले साल के निवेश राइट-ऑफ (Impairment) शामिल हैं। हालांकि, अगर नौ महीनों के नतीजों को देखें तो PAT में सुधार हुआ है और यह ₹4,691.67 मिलियन तक पहुंच गया है, जो पिछले साल के ₹4,337.65 मिलियन से अधिक है।
बढ़ा हुआ आउटलुक और रणनीतिक कदम
इन नतीजों के बीच, मैनेजमेंट ने अपने पूरे साल के FY2026 के लिए आउटलुक (Outlook) को बढ़ा दिया है। अब कंपनी 14.5% से 15.5% (Constant Currency) के बीच रिवेन्यू ग्रोथ का लक्ष्य लेकर चल रही है, जिसमें अधिग्रहण (Acquisitions) का योगदान करीब 1.5% रहेगा। साथ ही, FY2026 के लिए EBIT मार्जिन 11.5% से 12% के बीच रहने का अनुमान है। इस भरोसे की वजह यह है कि कंपनी ने तिमाही में पांच बड़ी डील्स (Large Deal Signings) और नौ नए क्लाइंट्स (New Logo Acquisitions) जोड़े हैं।
कंपनी ने यूके में Pastdue Credit Solutions (PDC) का अधिग्रहण भी पूरा कर लिया है, जिसकी कीमत GBP 22 मिलियन थी। इस अधिग्रहण से कंपनी की डेट कलेक्शन (Debt Collection) क्षमताएं और मजबूत होंगी। इसके अलावा, कंपनी ने ₹5.50 प्रति इक्विटी शेयर का अंतरिम डिविडेंड (Interim Dividend) भी घोषित किया है।