AvenuesAI के नतीजे: AI का जादू चला!
AvenuesAI Limited (पहले Infibeam Avenues) ने Q3 FY26 में कमाल का प्रदर्शन किया है। कंपनी ने अपने कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में पिछले साल की इसी तिमाही की तुलना में 122% की भारी बढ़ोतरी दर्ज की है। पिछले साल ₹107.04 करोड़ रेवेन्यू था, जो इस बार बढ़कर ₹238.12 करोड़ हो गया है। वहीं, तिमाही-दर-तिमाही (QoQ) के हिसाब से भी रेवेन्यू में 21% का उछाल आया है।
मुनाफे में भी बम्पर बढ़त:
कंपनी का कंसोलिडेटेड एडजस्टेड प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) 59% बढ़कर ₹8.61 करोड़ हो गया है, जो पिछले साल ₹5.40 करोड़ था। तिमाही-दर-तिमाही (QoQ) के आधार पर भी PAT में 33% की अच्छी ग्रोथ देखी गई है। कंसोलिडेटेड एडजस्टेड EBITDA में भी 25% की बढ़ोतरी के साथ ₹9.81 करोड़ दर्ज किया गया।
AI-नेटिव प्लेटफॉर्म का असर:
कंपनी के मैनेजमेंट का कहना है कि यह शानदार रेवेन्यू ग्रोथ AI-नेटिव ट्रांजेक्शन इंफ्रास्ट्रक्चर प्लेटफॉर्म के तौर पर कंपनी के री-ब्रांडिंग और स्ट्रेटेजिक बदलाव का सीधा नतीजा है। अब कंपनी 'वॉल्यूम स्केलिंग' की जगह 'इंटेलिजेंस कंपाउंडिंग' पर फोकस कर रही है, जिसका मतलब है कि मार्जिन बढ़ाना और AI के ज़रिए ग्रोथ हासिल करना।
स्टैंडअलोन नंबर्स पर एक नज़र:
कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू 135% बढ़कर ₹224.79 करोड़ हुआ। हालांकि, स्टैंडअलोन PAT में तिमाही-दर-तिमाही (QoQ) के हिसाब से 20% की गिरावट आई, जो ₹2.46 करोड़ रहा।
ऑडिटर की रिपोर्ट पर स्पष्टीकरण:
कंसोलिडेटेड नतीजों पर ऑडिटर की रिपोर्ट में 15 सब्सिडियरी और 3 एसोसिएट्स के रिव्यू रिपोर्ट्स पर निर्भरता का जिक्र था। कंपनी ने साफ किया है कि यह एक स्टैंडर्ड प्रोसीजरल मामला है और इसमें कोई चिंता की बात नहीं है।
भविष्य का रोडमैप: गाइडेंस में भारी उछाल!
इस बेहतरीन परफॉरमेंस को देखते हुए, AvenuesAI ने FY26 के लिए अपने रेवेन्यू के अनुमान को ज़बरदस्त तरीके से बढ़ाया है। अब कंपनी ₹750 - 800 करोड़ का रेवेन्यू कमाने की उम्मीद कर रही है, जो पहले ₹500 - 550 करोड़ था। PAT के लिए भी अनुमान ₹25 - 27.5 करोड़ (पहले ₹21 - 22 करोड़) तक बढ़ा दिया गया है। मैनेजमेंट को उम्मीद है कि आने वाले समय में AI से कमाई बढ़ेगी, ऑटोमेशन से मार्जिन सुधरेगा और प्लेटफॉर्म से ज़्यादा रेवेन्यू मिलेगा।
मुख्य उपलब्धियां और स्ट्रेटेजिक कदम:
- कंपनी का AvenuesAI Limited के रूप में सफल री-ब्रांडिंग।
- PayCentral.ai (इंडिया का पहला एजेंटिक पेमेंट प्लेटफॉर्म) और CCAvenue CommerceAI जैसे नए प्रोडक्ट्स लॉन्च किए।
- RBI से ऑफलाइन पेमेंट एग्रीगेटर लाइसेंस मिला।
- IFSCA से GIFT-IFSC में पेमेंट सर्विस प्रोवाइडर के तौर पर काम करने की मंजूरी मिली।