संभावित छंटनी से अमेज़न में हड़कंप
विभिन्न कर्मचारी मंचों और टेक न्यूज़ पोर्टल्स से आ रही खबरों के अनुसार, Amazon मई 2026 तक एक बड़ी छंटनी कर सकता है। इसका असर Amazon Web Services (AWS), रिटेल ऑपरेशंस और ह्यूमन रिसोर्सेज जैसे महत्वपूर्ण विभागों में काम कर रहे लगभग 14,000 कर्मचारियों पर पड़ सकता है।
AI इंटीग्रेशन और रीस्ट्रक्चरिंग की वजह
ये संभावित छंटनी कंपनी के स्ट्रैटेजिक बदलावों का हिस्सा मानी जा रही है, जो लगातार चल रहे रीस्ट्रक्चरिंग (Restructuring) और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) पर बढ़ती निर्भरता से प्रेरित हैं। Amazon के CEO Andy Jassy ने पहले ही संकेत दिया था कि जनरेटिव AI में हो रही प्रगति से कुछ भूमिकाओं में इंसानी कर्मचारियों की जरूरत कम हो जाएगी, जिसका मकसद 'नौकरशाही और मैनेजमेंट लेयर्स को कम करना' है।
महामारी के बाद वर्कफोर्स एडजस्टमेंट
यह कदम COVID-19 महामारी के दौरान हुई भारी-भरकम हायरिंग के बाद Amazon के वर्कफोर्स (Workforce) को फिर से संतुलित करने के एक बड़े प्रयास का हिस्सा है। टेक जायंट पहले ही महत्वपूर्ण कदम उठा चुका है, अक्टूबर 2025 से अब तक लगभग 30,000 कर्मचारियों को निकाला जा चुका है, और पिछले तीन सालों (2023 से) में कुल 57,000 की छंटनी हुई है। पिछली छंटनी में ज्यादातर मिडिल मैनेजमेंट, HR और मार्केटिंग रोल्स पर असर पड़ा था, जबकि वेयरहाउस और लॉजिस्टिक्स पोजिशन्स को आमतौर पर बख्शा गया था।
किस पर गिरेगी गाज?
रिपोर्ट्स के अनुसार, प्रस्तावित कट्स मुख्य रूप से व्हाइट-कॉलर (White-Collar) कर्मचारियों, खास तौर पर L5 से L7 एम्प्लॉयमेंट लेवल्स पर केंद्रित होंगे। इसमें चीन की कुछ टीमें भी शामिल हो सकती हैं। अहम बात यह है कि इस राउंड में वेयरहाउस और लॉजिस्टिक्स पोजिशन्स से छंटनी की उम्मीद नहीं है, जिसका मतलब है कि फोकस कॉर्पोरेट और टेक्निकल रोल्स पर रहेगा।
निवेशकों की नज़र
हालांकि Amazon ने अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, लेकिन लगातार आ रही ये खबरें टेक कंपनियों पर ऑपरेशनल कॉस्ट्स (Operational Costs) को बेहतर बनाने और बदलते तकनीकी माहौल के अनुकूल ढलने के दबाव को दर्शाती हैं। निवेशक इन संभावित वर्कफोर्स बदलावों के दायरे और समय को लेकर किसी भी आधिकारिक बयान का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।