भारतीय शेयर बाजार फिलहाल एक दायरे में फंसकर रह गए हैं। India VIX के **10.56** के निचले स्तर पर आने से बाजार में हलचल कम है, जबकि निवेशक ग्लोबल संकेतों और महत्वपूर्ण सपोर्ट-रेसिस्टेंस लेवल्स का इंतजार कर रहे हैं।
भारतीय शेयर बाजार इन दिनों एक 'वेट एंड वॉच' मोड में नजर आ रहे हैं। Nifty 50 और Bank Nifty दोनों ही एक सीमित दायरे में ट्रेड कर रहे हैं, जहां न तो खरीदार और न ही बिकवाल बाजार की दिशा तय कर पा रहे हैं।
बाजार का हाल और आंकड़े
26 अगस्त को Nifty 50 ने 24,207.75 के स्तर पर 0.52% की गिरावट के साथ क्लोजिंग दी, जबकि Bank Nifty ने थोड़ी मजबूती दिखाते हुए 0.47% की बढ़त के साथ 57,783.75 पर सत्र समाप्त किया। सबसे खास बात है India VIX का 10.56 के स्तर पर होना, जो अगस्त महीने का सबसे निचला स्तर है। यह बताता है कि बाजार में फिलहाल डर का माहौल नहीं है, लेकिन तेजी के लिए किसी बड़े ट्रिगर का इंतजार है।
अहम लेवल्स (Technical Levels)
एक्सपर्ट्स Nifty 50 के लिए 24,360 से 24,400 के जोन को कड़ा रेसिस्टेंस मान रहे हैं। वहीं, नीचे की तरफ 24,000 से 24,100 का दायरा एक मजबूत सपोर्ट की तरह काम कर रहा है। Bank Nifty की बात करें, तो इसके लिए 57,200 का लेवल फिलहाल सबसे अहम सपोर्ट बना हुआ है।
ग्लोबल संकेत और ट्रिगर्स
बाजार की दिशा फिलहाल घरेलू मोमेंटम के बजाय ग्लोबल संकेतों पर निर्भर है। अमेरिकी महंगाई के आंकड़े और Nvidia जैसी बड़ी टेक कंपनियों के अर्निंग्स रिपोर्ट बाजार का मूड तय करने वाले हैं। हालांकि कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में आई नरमी ने बाजार को कुछ हद तक स्थिरता दी है, लेकिन ब्रेकआउट के लिए बाजार को किसी नए और ठोस ट्रिगर की तलाश है।
