Delhivery: लॉजिस्टिक्स में एफिशिएंसी और ग्रोथ पर फोकस
Kotak Securities के एनालिस्ट्स Delhivery Limited की मिड-माइल लॉजिस्टिक्स में चल रही स्ट्रैटेजिक पहलों की सराहना कर रहे हैं। कंपनी का मुख्य फोकस एसेट यूटिलाइजेशन रेट्स को मौजूदा ~80% (डेडवेट बेसिस पर) से बढ़ाने पर है। इसके लिए, कंपनी उन रूट्स (Lanes) को घनी बनाने पर ज़ोर दे रही है जहाँ यूटिलाइजेशन कम है, खासकर एक्सप्रेस पार्सल ट्रैफिक वाले रूट्स पर।
Lonad और Hoskote जैसी बड़ी सुविधाओं में कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capital Expenditure) पूरा हो चुका है और अगले कुछ सालों में कोई बड़े गेटवे प्रोजेक्ट की योजना नहीं है। ट्रैक्टर्स, ट्रेलर्स और सॉर्टर्स के लिए भी कैपिटल एक्सपेंडिचर सीमित रखा गया है। कंपनी कर्मचारी और वाहन लागत को यूटिलाइजेशन के स्तर से मिलाने की कोशिश कर रही है।
Meesho जैसे बड़े क्लाइंट्स का बढ़ता महत्व Delhivery के लिए ग्रोथ का एक अहम जरिया बन रहा है। पिछले दो तिमाहियों में Meesho द्वारा इन-हाउस लॉजिस्टिक्स का उपयोग काफी कम हुआ है, जिससे Q4FY26E में एक्सप्रेस पार्सल वॉल्यूम में 60% से अधिक की ईयर-ओवर-ईयर ग्रोथ दर्ज की गई है। एनालिस्ट्स का अनुमान है कि FY2026-28 के दौरान Delhivery के एक्सप्रेस पार्सल वॉल्यूम में 23% CAGR की वृद्धि होगी, जिसमें Meesho के अलावा अन्य क्लाइंट्स से 11% CAGR का योगदान होगा। इस मजबूत ग्रोथ को देखते हुए, Delhivery का फेयर वैल्यू (Fair Value) ₹570 से बढ़ाकर ₹590 कर दिया गया है। साथ ही, कंपनी के पुराने नुकसानों का फायदा उठाकर टैक्स पेमेंट्स को कम किया जा सकता है, जिससे एनालिस्ट्स के मुताबिक अर्निंग्स पर शेयर (EPS) 50% से लेकर 146% तक बढ़ सकता है।
Fiem Industries: ऑटोमोटिव लाइटिंग में चमक
Fiem Industries (FIEM) को 'Buy' रेटिंग मिलने की एक बड़ी वजह ऑटोमोटिव लाइटिंग और रियरव्यू मिरर के टियर-1 मैन्युफैक्चरर के तौर पर इसकी मजबूत स्थिति है, जो मुख्य रूप से टू-व्हीलर ओरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर्स (OEMs) को सप्लाई करती है। कंपनी टू-व्हीलर और फोर-व्हीलर दोनों OEMs को शीट मेटल और प्लास्टिक कंपोनेंट्स भी सप्लाई करती है, और आफ्टरमार्केट सेगमेंट में भी इसकी मौजूदगी है। FY26-28E तक टू-व्हीलर इंडस्ट्री के लिए आउटलुक सकारात्मक बना हुआ है, जिसका मुख्य कारण GST रैशनलाइजेशन के बाद हेल्दी रिटेल डिमांड है।
LED लाइटिंग को बढ़ते अपनाने, प्रमुख क्लाइंट्स के बेहतर प्रदर्शन और नए कस्टमर्स के साथ रेवेन्यू को स्केल-अप करने के चलते FIEM से इंडस्ट्री की ग्रोथ से बेहतर प्रदर्शन करने की उम्मीद है। LED लैंप्स प्रति व्हीकल हैलोजन लैंप्स की तुलना में दो से तीन गुना अधिक वैल्यू ऐड करते हैं। FIEM का ऑटोमोटिव LED लाइटिंग से रेवेन्यू शेयर FY24 में 51.7% से बढ़कर FY25 में 59.3% और 9MFY26 में 63.5% हो गया है।
कंपनी के प्रमुख क्लाइंट्स में Honda Motorcycle and Scooter India, TVS Motors, Yamaha Motor India और Suzuki Motorcycle जैसे बड़े नाम शामिल हैं। हाल ही में Hero MotoCorp को भी अपने कस्टमर लिस्ट में शामिल किया गया है, जिससे बड़े बिज़नेस विस्तार की संभावनाएँ बढ़ गई हैं। Fiem Industries अपनी LED लाइटिंग विशेषज्ञता और R&D क्षमताओं का उपयोग करके फोर-व्हीलर सेगमेंट को भी टारगेट कर रही है, जो कि एक बड़ा ग्रोथ अवसर है।
Fiem अपने मजबूत कैश फ्लो और नेट कैश पोजीशन को बनाए हुए है, जिसका इस्तेमाल नई टेक्नोलॉजी और क्षमता विस्तार में निवेश के लिए किया जा रहा है। कंपनी का प्रोडक्ट पोर्टफोलियो किसी खास इंजन टेक्नोलॉजी से बंधा नहीं है, इसलिए इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EVs) के बढ़ने से इसे कोई खतरा नहीं है। मौजूदा वैल्यूएशन को उचित माना जा रहा है, जिसमें FY28E की अर्निंग्स पर 22x का प्राइस-टू-अर्निंग्स (PE) रेशियो है। एनालिस्ट्स ने Fiem Industries का फेयर वैल्यू ₹2,809 तय किया है।
