त्योहारी सीजन की बढ़ती मांग को देखते हुए Recur Club ने D2C ब्रांड्स की मदद के लिए **₹500 करोड़** का डेट फंड लॉन्च किया है। यह पहल लगभग **170** कंपनियों को इन्वेंट्री और स्टोर विस्तार के लिए वर्किंग कैपिटल उपलब्ध कराएगी।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित फाइनेंशियल प्लेटफॉर्म Recur Club ने उन D2C ब्रांड्स के लिए कमर कस ली है जो फेस्टिव सीजन के लिए तैयारी कर रहे हैं। कंपनी इस फंड के जरिए लगभग 150 से 170 बिजनेस को सपोर्ट करेगी, जिसमें प्रति कंपनी औसतन ₹3 करोड़ की फंडिंग मिलने की उम्मीद है।\n\n### कैसे काम करेगा यह मॉडल?\nयह प्लेटफॉर्म ब्रांड्स को दो मुख्य समस्याओं से राहत दिलाएगा: स्टॉक प्रोक्योरमेंट और स्टोर फिट-आउट। बैंक लोन के विपरीत, Recur Club ब्रांड की ओर से सामान की खरीद खुद मैनेज करता है, जिसका भुगतान ब्रांड किस्तों में कर सकते हैं। स्टोर विस्तार के लिए भी, कंपनी फिट-आउट की लागत को रेंट की तरह मासिक भुगतान में बदलने की सुविधा देती है, जिससे ब्रांड्स को एक साथ बड़ी पूंजी खर्च करने की जरूरत नहीं पड़ती।\n\n### क्यों बढ़ गई है फंड की जरूरत?\nमौजूदा समय में D2C ब्रांड्स कई तरह के दबाव में हैं। आंकड़ों के मुताबिक, इस तिमाही में ग्रोथ फंडिंग की मांग में 35% का उछाल आता है। साथ ही, सप्लाई चेन के दबाव के कारण पैकेजिंग लागत में 21% की बढ़ोतरी हुई है। वहीं, 'क्विक कॉमर्स' के बढ़ते चलन ने कंपनियों को अलग-अलग लोकेशंस पर ज्यादा इन्वेंट्री रखने के लिए मजबूर कर दिया है, जिससे कैश फ्लो पर दबाव बढ़ गया है।\n\n### रिस्क फैक्टर और चेतावनी\nचूंकि Recur Club एक प्राइवेट और अनलिस्टेड कंपनी है, इसलिए इसके किसी शेयर का असर मार्केट पर नहीं दिखेगा। हालांकि, इसके बिजनेस मॉडल में 'डिफॉल्ट' का रिस्क हमेशा बना रहता है। यदि फेस्टिव सीजन में ब्रांड्स उम्मीद के मुताबिक बिक्री नहीं कर पाते, तो उनके लिए फंड चुकाना मुश्किल हो सकता है। साथ ही, कंपनी का पूरा बिजनेस इंस्टीट्यूशनल लेंडर्स पर निर्भर है, इसलिए बाजार में नकदी की कोई भी कमी इनके कामकाज को प्रभावित कर सकती है।
