बेंगलुरु स्थित एडटेक स्टार्टअप Mesa School of Business ने इक्विटी और वेंचर डेट के जरिए **₹110 करोड़** जुटाए हैं। पारंपरिक MBA का विकल्प देने वाली यह कंपनी अब अपने AI-आधारित करिकुलम को और मजबूत करेगी।
फंडिंग की पूरी जानकारी
Mesa School of Business ने अपने हालिया फंडिंग राउंड में ₹110 करोड़ का निवेश हासिल किया है। इस डील में ₹85 करोड़ की इक्विटी फंडिंग शामिल है, जिसका नेतृत्व Dharana Capital और मौजूदा निवेशक Elevation Capital ने किया है। इसके अलावा, InnoVen Capital और Alteria Capital ने ₹25 करोड़ का वेंचर डेट प्रदान किया है। इस निवेश के बाद कंपनी की पोस्ट-मनी वैल्यूएशन ₹385 करोड़ हो गई है।
एजुकेशन मॉडल में बदलाव
वर्ष 2023 में अंकित अग्रवाल और वरुण लिमये द्वारा स्थापित यह संस्थान पारंपरिक MBA का एक व्यावहारिक विकल्प पेश करता है। यहाँ पारंपरिक फैकल्टी के बजाय, लगभग 2,000 इंडस्ट्री प्रोफेशनल्स और स्टार्टअप फाउंडर्स छात्रों को गाइड करते हैं। छात्रों को कोर्स के दौरान ही अपने छोटे स्टार्टअप लॉन्च करने और टेक्नोलॉजी प्रोडक्ट्स तैयार करने होते हैं, ताकि वे सीधे स्टार्टअप लीडरशिप के लिए तैयार हो सकें।
शानदार ग्रोथ और वित्तीय प्रदर्शन
कंपनी की रफ्तार बेहद तेज है। इसके छात्रों की संख्या पहले 60 से बढ़कर अब 550 से अधिक हो गई है। फाइनेंशियल ईयर 2025 (FY25) में कंपनी का रेवेन्यू ₹11.4 करोड़ के पार पहुंच गया है, जो पिछले फाइनेंशियल पीरियड के मुकाबले 242% की बड़ी उछाल है।
भविष्य की रणनीति और जोखिम
नई पूंजी का इस्तेमाल कंपनी अपने AI-केंद्रित करिकुलम को डिजाइन करने और स्टार्टअप पार्टनरशिप को बढ़ाने में करेगी। हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि तेजी से बढ़ते इस एडटेक सेगमेंट में क्वालिटी बनाए रखना और स्टूडेंट एक्विजिशन कॉस्ट को मैनेज करना एक बड़ी चुनौती होगी। वेंचर डेट के कारण कंपनी पर ब्याज का बोझ भी बढ़ा है, जिसे पूरा करने के लिए निरंतर रेवेन्यू ग्रोथ जरूरी है।
