वैल्यू कॉमर्स प्लेटफॉर्म Meesho ने FY27 की दूसरी तिमाही में शानदार रिकवरी दिखाई है। कंपनी का नेट लॉस **68%** घटकर **₹132.4 करोड़** रह गया है, जबकि रेवेन्यू में **34%** का उछाल दर्ज किया गया है।
मुनाफे की ओर बढ़ते कदम
Meesho ने FY27 की दूसरी तिमाही में अपने वित्तीय प्रदर्शन में बड़ा सुधार किया है। पिछले साल इसी अवधि में कंपनी का घाटा ₹411.4 करोड़ था, जो अब घटकर ₹132.4 करोड़ रह गया है। कंपनी का रेवेन्यू ₹4,131.6 करोड़ तक पहुंच गया है। यह ग्रोथ मुख्य रूप से टियर-2 और छोटे शहरों में अपने यूजर बेस को लगातार बढ़ाने के फोकस का नतीजा है।
टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर पर भारी खर्च
कंपनी ने हाल ही में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और सर्वर क्षमता को अपग्रेड करने पर काफी निवेश किया है। फेस्टिव सीजन के दौरान आने वाले ट्रैफिक को हैंडल करने के लिए कंपनी ने अपने GPU फुटप्रिंट को दोगुना कर दिया है। तकनीकी स्थिरता सुनिश्चित करने की इस कवायद के चलते कंपनी का कुल ऑपरेशनल खर्च 24% बढ़कर ₹4,382.3 करोड़ पहुंच गया।
मजबूत ऑपरेटिंग मेट्रिक्स
कंपनी के ऑपरेशनल आंकड़े काफी उत्साहजनक हैं:
- नेट मर्चेंडाइज वैल्यू (NMV): 23% की बढ़त के साथ ₹12,911 करोड़ रही।
- ऑर्डर वॉल्यूम: 819 मिलियन ऑर्डर्स (साल-दर-साल 17% की तेजी)।
- एनुअल ट्रांजैक्टिंग यूजर्स: 284 मिलियन (जो कि 21% की ग्रोथ है)।
- सेलर बेस: 60% की शानदार बढ़ोतरी के साथ 1.13 मिलियन पर पहुंच गया है।
बाजार का रुख और कॉम्पिटिशन
ई-कॉमर्स सेक्टर में Flipkart और Amazon जैसे दिग्गजों से मिल रही कड़ी टक्कर और क्विक कॉमर्स के बढ़ते दबाव के बीच Meesho अपना दबदबा बनाए हुए है। हालांकि, नतीजे आने के बाद शेयर की कीमत में 1.77% की गिरावट देखी गई और यह ₹227.6 पर बंद हुआ। अब निवेशकों की नजर इस बात पर है कि आने वाली तिमाहियों में कंपनी इन बढ़े हुए ऑपरेशनल खर्चों को कैसे मैनेज करती है और फेस्टिव सीजन की बिक्री का कितना फायदा उसे मिलता है।
