प्रेडिक्शन मार्केट एक्सचेंज Kalshi अब अपने कारोबार का तेजी से विस्तार करने की तैयारी में है। कंपनी लगभग **$1 बिलियन** की नई फंडिंग जुटाने की कोशिश कर रही है, जिससे उसकी वैल्यूएशन बढ़कर **$40 बिलियन** तक पहुँच सकती है।
बड़े लक्ष्यों की ओर कदम
मई में $22 बिलियन की वैल्यूएशन पर फंडिंग हासिल करने के बाद, Kalshi अब अपनी पहुंच को बड़े स्तर पर ले जाने की योजना बना रही है। कंपनी का लक्ष्य केवल प्रेडिक्शन मार्केट तक सीमित न रहकर CME Group और Intercontinental Exchange जैसे दिग्गज वित्तीय संस्थानों को सीधी चुनौती देना है।
बड़े इन्वेस्टर्स का साथ
इस नए फंडिंग राउंड में Sequoia Capital की अगुवाई की चर्चा है। इसके अलावा Wellington Management, Tiger Global Management और Dragoneer Investment Group जैसे बड़े नाम भी निवेश की रेस में शामिल हो सकते हैं। इस फंड का इस्तेमाल कंपनी अपने नए एसेट क्लास—जैसे Nvidia और Apple जैसी कंपनियों के शेयरों पर आधारित सट्टेबाजी—को आगे बढ़ाने के लिए करेगी।
रेगुलेटरी और कानूनी चुनौतियां
तेजी से बढ़ते इस मार्केट में Kalshi के सामने कई चुनौतियां भी हैं। जहां Polymarket को अमेरिकी रेगुलेटर CFTC की सख्ती का सामना करना पड़ा है, वहीं Kalshi इस संस्था की निगरानी में रहकर काम कर रही है। हालांकि, अमेरिकी सीनेटर Adam Schiff जैसे नीति-निर्माताओं ने निवेशक सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। फिलहाल कंपनी के फाउंडर्स Tarek Mansour और Luana Lopes Lara इस बिजनेस को पब्लिक लिस्टिंग के नजरिए से तैयार कर रहे हैं, लेकिन सबकी नजरें अब इस पर टिकी हैं कि क्या कंपनी नए स्टॉक-लिंक्ड ऑफर्स के लिए रेगुलेटरी मंजूरी हासिल कर पाएगी या नहीं।
